नयी दिल्ली. कांग्रेस ने रविवार को मांग की कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को पहलगाम हमले, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के संघर्षविराम के दावों और बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) सहित विभिन्न मुद्दों पर संसद के मानसून सत्र के दौरान चर्चा का जवाब देना चाहिए. लोकसभा में कांग्रेस के उपनेता गौरव गोगोई ने कहा कि सोमवार से शुरू हो रहे संसद के मानसून सत्र में विपक्षी दलों को प्रमुख मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगने का अवसर मिलेगा.
मानसून सत्र की पूर्व संध्या पर सर्वदलीय बैठक में भाग लेने के बाद उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ”हमें उम्मीद है कि प्रधानमंत्री मोदी संसद में पहलगाम हमले और वहां की खुफिया विफलता जैसे प्रमुख मुद्दों पर राष्ट्र को संबोधित करेंगे. यह भी जरूरी है कि हम संसद में अपने सशस्त्र बलों का समर्थन करें और उन्हें धन्यवाद दें.” गोगोई ने कहा कि प्रधानमंत्री को अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप के बयानों पर भी प्रकाश डालना चाहिए, जिन्होंने अपने दावों से भारत के गौरव और उसके सशस्त्र बलों पर उंगली उठाई है, और केवल भारत के प्रधानमंत्री ही इसका जवाब दे सकते हैं.
उन्होंने कहा, ”इन मुद्दों पर जवाब देना प्रधानमंत्री की नैतिक जिम्मेदारी है. हमें उम्मीद है कि प्रधानमंत्री अपना नैतिक कर्तव्य निभाएंगे.” गोगोई ने कहा कि बिहार की एसआईआर पर उठे सवाल और निर्वाचन आयोग द्वारा जवाब न देना, भविष्य के चुनावों पर उंगली उठाता है. उन्होंने कहा, ”संसद में सरकार का रुख स्पष्ट करना प्रधानमंत्री का कर्तव्य है.” कांग्रेस नेता ने कहा कि कई वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों ने चीन और पाकिस्तान से दोहरे खतरे का मुद्दा उठाया है और इस पर संसद में चर्चा होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि देश की रक्षा और विदेश नीतियों तथा रक्षा बजट आवंटन पर भी चर्चा जरूरी है. गोगोई ने कहा कि मणिपुर पिछले ढाई साल से हिंसा का सामना कर रहा है और अब भी वहां शांति नहीं है. उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री कई छोटे देशों का दौरा कर चुके हैं, लेकिन मणिपुर जाने से बच रहे हैं.
‘इंडिया’ गठबंधन मानसून सत्र में जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा देने की मांग करेगा: वेणुगोपाल
कांग्रेस ने रविवार को कहा कि पार्टी 21 जुलाई से शुरू हो रहे संसद के मानसून सत्र में जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा देने की मांग उठाएगी. अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) में संगठन मामलों के महासचिव के सी वेणुगोपाल ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में सवाल किया, ”क्या प्रधानमंत्री (नरेन्द्र) मोदी ने संसद में जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा देने के बारे में झूठ बोला था? अगर नहीं, तो जम्मू-कश्मीर पुलिस ने जेकेपीसीसी अध्यक्ष तारिक हमीद कर्रा जी और अन्य कांग्रेस नेताओं को क्यों गिरफ्तार किया है?”
कांग्रेस महासचिव ने कहा, ”उन्होंने कल श्रीनगर में पीसीसी कार्यालय को क्यों सील कर दिया और हमारे पार्टी कार्यकर्ताओं को राज्य के दर्जे के लिए शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने से क्यों रोका?” वेणुगोपाल ने अपने पोस्ट में कहा, ”आगामी संसद सत्र में, इंडिया गठबंधन (इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इंक्लूसिव अलायंस) मांग करेगा कि जम्मू-कश्मीर को तुरंत पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल किया जाए. यह तमाशा अब और नहीं चल सकता.” कांग्रेस ने कहा है कि वह जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल करने का मुद्दा उठाती रहेगी. केंद्र शासित प्रदेश में कांग्रेस मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला की नेशनल कांफ्रेंस के साथ गठबंधन में है.
जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य की मांग को लेकर रविवार को मार्च कर रहे कांग्रेस के कई कार्यकर्ताओं को पुलिस ने हिरासत में ले लिया. पिछले कुछ दिनों में यह दूसरी बार था जब पुलिस ने कांग्रेस को ‘हमारी रियासत हमारा हक’ के बैनर तले रैली निकालने की अनुमति नहीं दी. प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष तारिक हमीद कर्रा और पार्टी महासचिव जी ए मीर के नेतृत्व में सैकड़ों कांग्रेस कार्यकर्ता जम्मू के मध्य शहीदी चौक स्थित पार्टी मुख्यालय में एकत्र हुए. पार्टी कार्यकर्ता उपराज्यपाल मनोज सिन्हा को ज्ञापन सौंपने के लिए राजभवन तक मार्च करना चाहते थे, लेकिन पुलिस ने अवरोधक लगाकर उन्हें रोक दिया.

