चंडीगढ़. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राज्यसभा सदस्य सुधांशु त्रिवेदी ने रविवार को कहा कि दुनिया भारत के उत्थान को करीब से देख रही है, लेकिन इसे डरने की कोई जरूरत नहीं है. उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश के आर्थिक, रणनीतिक और सांस्कृतिक उत्थान पर प्रकाश डाला.
पंजाब विश्वविद्यालय में ‘एक मजबूत भारत दुनिया को क्यों डराता है’ विषय पर चौथे बलरामजी दास टंडन स्मृति व्याख्यान में त्रिवेदी ने इस बात पर जोर दिया कि भारत का योगदान अब वैश्विक डिजिटल लेनदेन में 48 प्रतिशत है, इसकी स्थापित बिजली क्षमता का 50 प्रतिशत स्वच्छ ऊर्जा से आता है, और यह प्रमुख देशों में सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था है. अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) का हवाला देते हुए, भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता ने कहा कि वैश्विक विकास में भारत का योगदान 15 प्रतिशत होने जा रहा है. उन्होंने कहा कि मॉर्गन स्टेनली के अनुसार, भारत अगले दशक में वैश्विक विकास का इंजन बन जाएगा.
उन्होंने कहा, ”विश्व बैंक ने कहा कि 16 करोड़ लोगों को अत्यधिक गरीबी से बाहर निकाला गया है. आज हम दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था हैं.” त्रिवेदी ने वैश्विक एआई शिखर सम्मेलन की भारत द्वारा सह-अध्यक्षता को भी भारत के बढ़ते अंतरराष्ट्रीय नेतृत्व का प्रतीक बताया. प्रधानमंत्री मोदी का हवाला देते हुए त्रिवेदी ने जोर देकर कहा कि भारत के लिए ‘यह सही समय है’ और जो लोग भ्रम पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं, वे सफल नहीं होंगे.
उन्होंने कहा कि भारत की ताकत न केवल उसकी आर्थिक, सैन्य और बौद्धिक क्षमताओं में निहित है, बल्कि उसकी आध्यात्मिक और सांस्कृतिक शक्ति में भी निहित है – ये अद्वितीय संपत्तियां हैं जो भारत को विश्व व्यवस्था को आकार देने की स्थिति में लाती हैं.
उन्होंने योग पर संयुक्त राष्ट्र के प्रस्ताव का हवाला दिया, जिसे 177 देशों ने सह-प्रायोजित किया था, और इसे भारत की बढ़ती ‘सॉफ्ट पावर’ का एक सशक्त उदाहरण बताया.
आतंकवाद के प्रति देश की कड़ी प्रतिक्रिया का ज.क्रि करते हुए उन्होंने र्सिजकल स्ट्राइक, बालाकोट हवाई हमले और ऑपरेशन सिंदूर का ज.क्रि किया और इस बात पर जोर दिया कि नया भारत आतंकवाद को बर्दाश्त नहीं करता. भाजपा सांसद ने कहा कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ने साबित कर दिया कि पाकिस्तान की परमाणु धमकियां काम नहीं आतीं, और इस तरह भारत के एक ‘नरम देश’ होने के युग का अंत हो गया.
उन्होंने कहा, ”वे दिन अब लद गए जब भारत को एक नरम देश माना जाता था.” भारत के विदेश मंत्री (एस. जयशंकर) और उनके पाकिस्तानी समकक्ष (मुहम्मद इसहाक डार) के बीच हुए संवाद की व्याख्या करते हुए त्रिवेदी ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर रात 1:05 बजे शुरू हुआ और 1:27 बजे समाप्त हुआ.
उन्होंने कहा कि पाकिस्तान को रात 1:30 बजे सूचित किया गया और यह स्पष्ट किया गया कि यह हमला आतंकवादियों के खिलाफ था, न कि पाकिस्तान के सैन्य प्रतिष्ठानों के खिलाफ. उन्होंने इसे एक ऐसा जाल बताया जिसे पाकिस्तान पहचान नहीं पाया, जिससे पड़ोसी देश के भीतर सरकारी और गैर-सरकारी तत्वों की मिलीभगत उजागर हो गई.
त्रिवेदी ने यह भी कहा कि दुनिया औद्योगिक निवेश के लिए चीन के विकल्प तलाश रही है और भारत इसे पेश करने के लिए सबसे उपयुक्त स्थिति में है. उन्होंने कहा कि भारत दुनिया का एकमात्र देश है जिसे रूस से एस-400 मिसाइल प्रणाली और अमेरिका से उन्नत ड्रोन प्रणालियां मिली हैं. उन्होंने कहा कि रूस किसी भी ‘क्वाड’ सदस्य देश को हथियार नहीं देता है, जबकि रूस से हथियार प्राप्त करने वाले किसी भी देश को अमेरिका रक्षा उपकरण नहीं देता है, जो भारत की चतुराई को दर्शाता है.
व्यापार संबंधों पर त्रिवेदी ने कहा कि भारत की तुलना में ब्रिटेन मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) के लिए अधिक उत्सुक है, जो देश के बढ़ते आर्थिक कद को दर्शाता है. उन्होंने कहा, ”भारत लगातार एक आर्थिक महाशक्ति बन रहा है.” बलरामजी दास टंडन को ‘पथ प्रदर्शक दीपक’ बताते हुए त्रिवेदी ने आरएसएस, भाजपा और क्षेत्र में उनके योगदान के लिए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी. इस अवसर पर बोलते हुए पंजाब भाजपा के कार्यकारी अध्यक्ष अश्विनी शर्मा ने समाज और राष्ट्र के प्रति उनके योगदान के लिए बलरामजी टंडन को मरणोपरांत पद्म पुरस्कार देने की मांग का समर्थन किया.
‘इंडिया’ गठबंधन की पार्टियां घुसपैठियों के जरिए लोकतंत्र को नुकसान पहुंचाने की कोशिश कर रहीं: भाजपा
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की आलोचना कर रहे ‘इंडिया’ गठबंधन पर विदेशी घुसपैठियों के सहारे भारतीय लोकतंत्र को ”लूटने” की कोशिश करने का आरोप लगाया. भाजपा प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि निर्वाचन आयोग की यह कवायद पारर्दिशता के माध्यम से मतदाता सूची में आवश्यक बदलाव लाने के लिए है.
उन्होंने आरोप लगाया कि ‘इंडिया’ गठबंधन की पार्टियां उन जगहों पर जीत रही हैं, जहां घुसपैठियों की मौजूदगी ने जनसांख्यिकी में सबसे अधिक बदलाव किए हैं. त्रिवेदी ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष द्वारा एसआईआर और निर्वाचन आयोग की तीखी आलोचना किये जाने पर कहा, ”यह राष्ट्रीय सुरक्षा और प्रतिष्ठा का मुद्दा है, लेकिन राहुल गांधी ”किसी भी कीमत पर सत्ता हथियाना चाहते हैं.” भाजपा नेता ने कहा कि 50 साल पहले इंदिरा गांधी (पूर्व प्रधानमंत्री) का यह मानना था कि चुनाव की वैधता उनकी जीत पर निर्भर करेगी, और अब राहुल गांधी भी उसी ”आपातकालीन मानसिकता” से ग्रस्त हैं.
उन्होंने कहा, ”(राहुल) गांधी के अनुसार, निर्वाचन आयोग ने तेलंगाना, पंजाब, पश्चिम बंगाल और हिमाचल प्रदेश में अच्छा काम किया क्योंकि वहां ‘इंडिया’ गठबंधन की पार्टियां जीतीं, लेकिन उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, बिहार और हरियाणा में ऐसा नहीं हुआ क्योंकि इन राज्यों में भाजपा ने जीत दर्ज की.” पहलगाम हमला और ऑपरेशन सिंदूर पर संसद में चर्चा शुरू होने से पहले, भाजपा नेता ने कहा कि भारत की सैन्य कार्रवाई ने सशस्त्र बलों की वीरता और क्षमता को दर्शाया, जबकि विपक्ष उनका अपमान करने की कोशिश कर रहा है.
आपातकाल के 50 साल बाद भी गांधी परिवार की मानसिकता नहीं बदली: भाजपा सांसद त्रिवेदी
चंडीगढ़/चेन्नई. भाजपा सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने रविवार को कहा कि निर्वाचन आयोग के खिलाफ राहुल गांधी की टिप्पणी से पता चलता है कि देश में आपातकाल के 50 साल बाद भी गांधी परिवार की मानसिकता नहीं बदली है. राज्यसभा सदस्य ने कहा, ”पचास साल पहले इंदिरा गांधी कहा करती थीं कि किसी चुनाव की वैधता इस बात से तय होगी कि वह चुनाव जीतती हैं या नहीं. आज 50 साल बाद राहुल गांधी भी यही कह रहे हैं.” त्रिवेदी ने कहा, ”राहुल गांधी द्वारा निर्वाचन आयोग पर लगातार निशाना साधे जाने से पता चलता है कि आपातकाल के 50 साल बाद भी मानसिकता नहीं बदली है.” उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के अनुसार निर्वाचन आयोग ने पंजाब, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, पश्चिम बंगाल, तेलंगाना, तमिलनाडु और कर्नाटक में अच्छा काम किया, लेकिन हरियाणा, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, बिहार और असम में खराब काम किया.
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता यहां पंजाब विश्वविद्यालय में श्री बलरामजी दास टंडन स्मृति व्याख्यान देने आए थे. राहुल गांधी ने 24 जुलाई को दावा किया था कि कांग्रेस के पास ”100 प्रतिशत सबूत” हैं कि निर्वाचन आयोग ने कर्नाटक के एक निर्वाचन क्षेत्र में धोखाधड़ी की अनुमति दी थी. उन्होंने साथ ही निर्वाचन आयोग को चेतावनी दी कि वह इससे बच नहीं पाएगा ”क्योंकि हम आपके खिलाफ कार्रवाई करने वाले हैं”.
इससे एक दिन पहले, कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया था कि भारत में चुनाव ”चोरी” हो रहे हैं. उन्होंने दावा किया था कि उनकी पार्टी ने कर्नाटक के एक लोकसभा क्षेत्र का अध्ययन करके ”वोट चोरी” के तरीके का पता लगा लिया है. राहुल गांधी की यह टिप्पणी बिहार में मतदाता सूची के पुनरीक्षण को लेकर जारी विवाद के बीच आई है. वर्ष 2027 में होने वाले पंजाब विधानसभा चुनाव पर एक सवाल के जवाब में त्रिवेदी ने कहा कि आने वाले समय में भाजपा के पक्ष में सकारात्मक माहौल बनेगा.
भाजपा नेता ने कहा, ”पंजाब ने एक प्रयोग किया है और मुझे लगता है कि अब तक राज्य को दिल्ली में हुए प्रयोग से समझ आ गया होगा. आज जब भारत एक नयी ताकत और नयी दिशा के साथ उभर रहा है, तो प्रयोगात्मक राजनीति के लिए कोई जगह नहीं है.” यह पूछे जाने पर कि क्या पंजाब विधानसभा चुनाव के लिए शिरोमणि अकाली दल (शिअद) के साथ गठबंधन की संभावना है, त्रिवेदी ने कहा कि ऐसे मुद्दों पर पार्टी नेतृत्व निर्णय लेता है. उन्होंने कहा, ”मुझे लगता है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में राजग मजबूती से आगे बढ़ रहा है और देशभर में उसे अधिक से अधिक समर्थन मिल रहा है.”
ऑपरेशन सिंदूर ने साबित कर दिया कि चीनी हथियार नाकाम रहे, भारत का रक्षा भंडार बढ़ा: त्रिवेदी
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सांसद एवं राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने दावा किया कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत पाकिस्तान में आतंकवादी शिविरों को निशाना बनाया गया, लेकिन पाकिस्तान द्वारा इस्तेमाल किये गये चीनी हथियार नाकाम रहे. उन्होंने दावा किया कि मई में आतंकवाद निरोधक अभियान के बाद भारत की रक्षा क्षमता में जबरदस्त वृद्धि हुई, जबकि चीन की रक्षा क्षमता में गिरावट आई.
त्रिवेदी ने शनिवार को वीआईटी चेन्नई परिसर में तमिलनाडु उच्च शिक्षा शिक्षक संघ के तत्वावधान में आयोजित ”विकसित भारत का रोड मैप – एक बहुविषयक दृष्टिकोण” विषय पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का उद्घाटन करने के बाद कहा, ”ऑपरेशन सिंदूर की सफलता ने एक अन्य देश, चीन को भी प्रभावित किया, क्योंकि वास्तविक युद्ध में चीनी हथियारों का इस्तेमाल विफल साबित हुआ है.” उन्होंने कहा, ”एविक सिस्टम्स चेंगदू’ द्वारा विनिर्माण किये जाने वाले जेएफ-17 विमान और पीएल-15 विमान, जिनका इस्तेमाल पाकिस्तान द्वारा किया गया था, के रक्षा भंडार में नौ प्रतिशत की महत्वपूर्ण गिरावट देखी गई. इसके विपरीत, हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स और गार्डन रीच शिपबिल्डर समेत भारत के रक्षा भंडार में तेजी से वृद्धि हुई, क्योंकि ऑपरेशन में इस्तेमाल किए गए हथियार स्वदेशी रूप से निर्मित थे.” उन्होंने दावा किया कि अमेरिका के यूरोप से हटने के बाद भारत रक्षा विनिर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा.
त्रिवेदी ने कहा, ”इसलिए मैं कहना चाहूंगा कि यह विकसित भारत 25 साल का कार्यक्रम है, जैसा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी कहते हैं, यह भारत के अगले 1,000 वर्षों की नींव रखेगा.” उन्होंने राजनीतिक दलों से अपील की कि वे औपनिवेशिक विरासत और स्वतंत्रता के बाद लोगों के मन में बसाई गई मानसिकता से बाहर आएं तथा भाषाई कार्ड खेलना बंद करें.
तमिलनाडु में सत्तारूढ़ द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) पर परोक्ष रूप से निशाना साधते हुए त्रिवेदी ने कहा, ”जो लोग भाषा को मुद्दा बनाना चाहते हैं, उन्हें सोचना चाहिए कि क्या उन्होंने कभी अपनी क्षेत्रीय भाषा में इंजीनियरिंग और मेडिकल शिक्षा प्रदान करने के बारे में सोचा था?” उन्होंने कहा कि मोदी ने 15 क्षेत्रीय भाषाओं में इंजीनियरिंग और मेडिकल शिक्षा सुनिश्चित की है. वीआईटी के संस्थापक-कुलपति जी विश्वनाथन ने उच्च शिक्षा के लिए बजट में धन के आवंटन में वृद्धि की आवश्यकता पर बल दिया, क्योंकि शिक्षा का विकास आर्थिक प्रगति के लिए जरूरी है.

