चंडीगढ़. हरियाणा पुलिस के एक सहायक उप-निरीक्षक (एएसआई) ने मंगलवार को रोहतक जिले में कथित तौर पर गोली मारकर आत्महत्या कर ली. एएसआई ने भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) के दिवंगत अधिकारी वाई पूरण कुमार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए छह मिनट का एक कथित वीडियो और तीन पन्नों का एक ‘सुसाइड नोट’ छोड़ा है. वीडियो और ‘सुसाइड नोट’ की सत्यता की तुरंत पुष्टि नहीं की जा सकी है.
पुलिस ने बताया कि एएसआई संदीप कुमार ने रोहतक जिले में पुलिस उपमहानिरीक्षक (डीआईजी) पूरण कुमार के सहयोगी व हेड कांस्टेबल सुशील कुमार की गिरफ्तारी में अहम भूमिका निभाई थी. पूरण कुमार पिछले हफ्ते चंडीगढ़ स्थित अपने घर में मृत पाये गये थे और उनके शरीर पर गोली लगने के निशान थे. रोहतक जिले में साइबर प्रकोष्ठ में तैनात एएसआई का शव लाढौत-धामर रोड स्थित उनके रिश्तेदार के खेत में बने कमरे की ऊपरी मंजिल से बरामद किया गया.
संदीप कुमार ने अपने मामा के खेतों में ट्यूबवेल की मोटर के लिए बने कमरे की ऊपरी मंजिल पर कथित तौर पर आत्महत्या की.
घटना के बाद, परिवार के सदस्य शव को उसी गांव में एक रिश्तेदार के घर ले गये. पुलिस के एक अधिकारी ने बताया, “हम उनसे (एएसआई के परिवार से) शिकायत प्राप्त करने की कोशिश कर रहे हैं ताकि प्राथमिकी दर्ज की जा सके.” उन्होंने यह भी बताया कि पुलिस शव को मुर्दाघर ले जाने के लिए परिवार को मनाने की कोशिश कर रही है. पुलिस ने अब तक संदीप कुमार के सुसाइड नोट या वीडियो पर आधिकारिक रूप से कोई टिप्पणी नहीं की है.
रोहतक पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने फोन पर बताया, “संदीप ने खुद को गोली मार ली.” आईपीएस अधिकारी पूरण कुमार के आत्महत्या के मामले को लेकर बढ़ते विवाद के बीच संदीप कुमार की कथित आत्महत्या का मामला सामने आया है. पूरण कुमार ने एक कथित ‘सुसाइड नोट’ छोड़ा था, जिसमें पुलिस महानिदेशक शत्रुजीत कपूर और रोहतक के पुलिस अधीक्षक नरेंद्र बिजारणिया सहित आठ अधिकारियों पर ‘जाति-आधारित भेदभाव, लक्षित मानसिक उत्पीड़न, और सार्वजनिक रूप से अपमानित करने का आरोप लगाया गया था.
सरकार ने पुलिस महानिदेशक को छुट्टी पर भेज दिया जबकि बिजारणिया का तबादला कर दिया गया. इस बीच, रोहतक पुलिस ने बताया कि उन्हें सूचना मिली है कि एएसआई संदीप कुमार ने अपनी र्सिवस पिस्तौल से गोली मारकर आत्महत्या कर ली. एक अधिकारी ने बताया, “शव के पास एक सुसाइड नोट मिला है. इसके अलावा, संदीप कुमार ने कथित आत्महत्या से पहले एक वीडियो भी रिकॉर्ड किया था, जिसकी पुलिस जांच कर रही है.”
रोहतक के पुलिस अधीक्षक एसएस भोरिया ने घटनास्थल पर पत्रकारों को बताया, “एएसआई संदीप हमारे विभाग में बहुत मेहनती और ईमानदार व्यक्ति थे. हमें सूचना मिली थी कि एक शव मिला है, जिसके बाद हम यहां पहुंचे.” उन्होंने वीडियो और ‘सुसाइड नोट’ के बारे में पूछे जाने पर बताया, “इस समय कुछ भी कहना मुश्किल है. फोरेंसिक टीम जांच कर रही है.” संदीप कुमार ने कथित वीडियो में पूरण कुमार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि भगत सिंह ने भी बलिदान दिया और एक कठिन रास्ता अपनाया, जिसके बाद देश जागृत हुआ.
संदीप ने वीडियो में कथित रूप से कहा, “और आज, यह देश तब जागृत होगा जब हम सत्य के मार्ग पर अपना बलिदान देंगे.” संदीप को वीडियो में यह कहते हुए सुना जा सकता है कि ‘ईमानदार अधिकारी’ नरेंद्र बिजारणिया ने पूरण कुमार से सवाल किए थे. पूरण कुमार का नाम हाल ही में एक रिश्वत कांड में सामने आया था. रोहतक में शराब के एक ठेकेदार ने हेड कांस्टेबल सुशील कुमार के खिलाफ रिश्वतखोरी का मामला दर्ज कराया था.
ठेकेदार ने आरोप लगाया कि सुशील कुमार ने पूरण कुमार के नाम पर (जब वह वहां तैनात थे) 2.5 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी.
सुशील कुमार को हाल ही में गिरफ्तार किया गया था. पूरण कुमार (52) हाल ही में रोहतक के सुनारिया स्थित पुलिस प्रशिक्षण केंद्र (पीटीसी) में महानिरीक्षक के पद पर तैनात हुए थे.
रोहतक पुलिस ने बताया कि वे इस दुख की घड़ी में एएसआई के परिवार के साथ हैं और जनता से शांति व कानून-व्यवस्था बनाए रखने की अपील की गयी है. पुलिस ने बताया कि एएसआई संदीप कुमार के तीन बच्चे और पांच बहनें हैं. जुलाना में रहने वाले संदीप के रिश्तेदार शीशपाल ने बताया कि संदीप समाज के लिए बहुत काम करते थे और सक्रिय रक्तदाता थे. उन्होंने कहा कि संदीप एक ईमानदार अधिकारी थे.
आईपीएस अधिकारी आत्महत्या मामला: डीजीपी कपूर छुट्टी पर भेजे गए, ओपी सिंह को मिला अतिरिक्त प्रभार
हरियाणा सरकार ने भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) के अधिकारी वाई पूरण कुमार की कथित आत्महत्या को लेकर विपक्ष के बढ़ते हमलों के बीच मंगलवार को राज्य के डीजीपी शत्रुजीत कपूर को छुट्टी पर भेज दिया. रोहतक के पूर्व पुलिस अधीक्षक नरेन्द्र बिजारणिया का तबादला होने के कुछ दिन बाद यह घटनाक्रम सामने आया है. एक आधिकारिक आदेश में कहा गया है कि 1992 बैच के डीजीपी रैंक के आईपीएस अधिकारी ओ पी सिंह को “शत्रुजीत कपूर की अवकाश अवधि के दौरान हरियाणा के डीजीपी का अतिरिक्त प्रभारह्व सौंपा गया है.
कपूर और बिजारणिया उन आठ वरिष्ठ अधिकारियों में शामिल हैं, जिनका नाम कुमार द्वारा कथित तौर पर छोड़े गए एक नोट में है. इस नोट में उन पर ह्लजाति-आधारित भेदभाव, मानसिक उत्पीड़न, सार्वजनिक अपमान और अत्याचारह्व के आरोप लगाए गए हैं.
हरियाणा के मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार राजीव जेटली ने कहा, ह्लहां, सरकार ने डीजीपी को छुट्टी पर भेज दिया है.ह्व ओ.पी. सिंह फिलहाल हरियाणा राज्य स्वापक नियंत्रण ब्यूरो के महानिदेशक; हरियाणा पुलिस हाउसिंग कॉर्पोरेशन, पंचकूला के प्रबंध निदेशक; और फॉरेंसिक साइंस लैबोरेटरी, मधुबन के निदेशक हैं.
सात अक्टूबर को, 2001 बैच के आईपीएस अधिकारी कुमार (52) ने कथित तौर पर खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली.
कुमार की पत्नी व वरिष्ठ भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) की अधिकारी अमनीत पी. कुमार ने मांग की है कि उनके पति को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में कपूर और बिजारणिया का नाम प्राथमिकी में दर्ज किया जाए. अधिकारी का परिवार भी उनकी गिरफ्तारी की मांग कर रहा है और उसने अपनी मांगें पूरी होने तक पोस्टमॉर्टम व अंतिम संस्कार के लिए सहमति देने से इनकार कर दिया है. चंडीगढ़ पुलिस ने मामले की जांच के लिए छह सदस्यीय विशेष जांच दल का गठन किया है.
हरियाणा सरकार ने अगस्त 2023 में 1990 बैच के आईपीएस अधिकारी और इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर चुके शत्रुजीत कपूर को राज्य का नया पुलिस प्रमुख नियुक्त किया था. राज्य सरकार को तीन चुने हुए आईपीएस अधिकारियों आर सी मिश्रा, मोहम्मद अकील (दोनों 1989 बैच के अधिकारी) और कपूर में से किसी एक को अगला डीजीपी चुनना था. तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के नेतृत्व वाली राज्य सरकार ने कपूर को चुना था.
उस समय, कपूर राज्य के भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के महानिदेशक थे, जिनके कार्यकाल के दौरान कुछ अधिकारी कथित भ्रष्टाचार की जांच के घेरे में आए थे. कपूर राज्य के विभिन्न जिलों में कई क्षेत्रीय स्तर के पदों पर भी रहे. पिछले कुछ दिन में, कई राजनीतिक नेताओं ने यहां सेक्टर 24 स्थित कुमार के आवास पर जाकर उनके परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की है . विपक्षी दलों ने इस मुद्दे पर राज्य सरकार पर हमला तेज कर दिया है. कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने मंगलवार सुबह परिवार से मुलाकात की.
तेलंगाना के उपमुख्यमंत्री मल्लू भट्टी विक्रमार्क, रोहतक से कांग्रेस सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा, इनेलो के प्रमुख अभय सिंह चौटाला और पंजाब के मंत्री एवं ‘आप’ नेता हरपाल सिंह चीमा उन विपक्षी नेताओं में शामिल थे, जिन्होंने सोमवार को कुमार के परिवार से मुलाकात की थी. केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले ने सोमवार को पीड़ित परिवार से मुलाकात की थी. उन्होंने कहा कि हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने आश्वासन दिया है कि मामले में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.

