तोक्यो. भारतीय निशानेबाज प्रांजलि प्रशांत धूमल ने अपना शानदार प्रदर्शन जारी रखते हुए सोमवार को यहां महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता, जो डेफलिम्पिक्स (बधिर ओलंपिक) में उनका तीसरा पदक है. इससे पहले उन्होंने अभिनव देशवाल के साथ मिश्रित पिस्टल स्पर्धा में स्वर्ण और महिला एयर पिस्टल में रजत पदक जीता था.
महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में यूक्रेन की मोसिना हालिना ने रजत और कोरिया की जियोन जिवोन ने कांस्य पदक जीता.
भारत की एक अन्य खिलाड़ी और महिलाओं की एयर पिस्टल स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतने वाली अनुया प्रसाद चौथे स्थान पर रहीं.
प्रांजलि ने 600 में से 573 अंक के नए क्वालीफिकेशन विश्व रिकॉर्ड के साथ फाइनल में प्रवेश किया था. उन्होंने पिछले वर्ष जर्मनी में विश्व बधिर निशानेबाजी चैंपियनशिप में बनाए गए अपने ही रिकॉर्ड में सुधार किया. अनुया प्रसाद क्वालीफिकेशन में 569 स्कोर के साथ दूसरे स्थान पर रहीं.
प्रांजलि ने फाइनल में 34 अंक बनाए, जो मोसिना से दो अंक ज़्यादा थे, जिन्होंने रजत पदक जीता. जियोन ने 30 अंक के साथ कांस्य पदक जीता. उन्होंने शूटआउट में भारत की अनुया प्रसाद को हराया. रविवार को अभिनव देशवाल ने पुरुषों की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता था जो बधिर ओलंपिक की निशानेबाजी प्रतियोगिता में भारत का 15वां पदक था. भारतीय निशानेबाजों ने बधिर ओलंपिक में अब तक सात स्वर्ण, छह रजत और तीन कांस्य सहित 16 पदक जीते हैं. निशानेबाजी स्पर्धाओं का समापन मंगलवार को पुरुषों की 25 मीटर रैपिड फायर पिस्टल स्पर्धा के साथ होगा.

