नयी दिल्ली. फिल्मकार राम गोपाल वर्मा ने कहा है कि जब भी “धुरंधर” जैसी कोई फिल्म रिलीज होती है, तो फिल्म उद्योग से जुड़े लोग ऐसी फिल्मों को खुद के लिए खतरा महसूस करने लगते हैं और उसे नजरअंदाज करना पसंद करते हैं. वर्मा रणवीर सिंह अभिनीत फिल्म धुरंधर के प्रशंसक हैं, जिसकी कहानी कराची के लियारी इलाके में आधारित है. इस फिल्म का निर्देशन आदित्य धर ने किया है.
वर्मा ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में लिखा, “जब भी ‘धुरंधर’ जैसी कोई क्रांतिकारी और जबरदस्त प्रशंसा बटोरने वाली फिल्म आती है, तो फिल्म उद्योग के लोग इस तरह की फिल्मों को खुद के लिए खतरा मानते हैं और उसे नजरअंदाज करना पसंद करते हैं.” सत्या’, ‘रंगीला’ और ‘कौन’ जैसी र्चिचत फिल्मों के लिए पहचाने जाने वाले फिल्मकार राम गोपाल वर्मा ने हाल के वर्षों में देशभर में बनी फिल्मों पर भी निशाना साधा. उन्होंने कहा कि ऐसी फिल्मों की कहानियां हर वर्ग के दर्शकों को लुभाने की कोशिश में कमजोर पड़ जाती हैं.
वर्मा ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर लिखा, “यह बात उन तमाम तथाकथित बड़ी फिल्मों पर और भी ज्यादा लागू होती है, जो इस समय निर्माण के विभिन्न चरणों में हैं. इन सभी फिल्मों की पटकथाएं और उनका निर्माण ‘धुरंधर’ से पहले बनी फिल्मों के मॉडल पर किया गया है, जो ठीक उसके उलट है, जिस पर ये सभी भरोसा करते हैं कि वही काम करेगा.” उन्होंने कहा, “और सबसे चिंताजनक बात यह है कि ‘धुरंधर’ सिर्फ एक जबरदस्त प्रशंसा बटोरने वाली फिल्म (ओमेगा हिट) ही नहीं है, बल्कि पिछले 50 वर्षों में सबसे ज्यादा चर्चा में रहने वाली फिल्म भी बन गई है.”
उन्होंने कहा, “सबसे बड़ी बात यह है कि ‘आदित्यधरफिल्म्स’ फिल्म उद्योग से जुड़े लोगों को अपनी फिल्मों की तुलना धुरंधर से करने के लिए मजबूर कर रही है.” फिल्म “धुरंधर” दिसंबर की शुरुआत में रिलीज होने के बाद से बॉक्स ऑफिस पर 600 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई कर अब तक की 10वीं सबसे ज्यादा कमाई करने वाली भारतीय फिल्म बन गई है. अक्षय खन्ना, संजय दत्त, आर माधवन, अर्जुन रामपाल, सारा अर्जुन और सौम्या टंडन जैसे कलाकर इस फिल्म में है.

