पुणे. एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने मंगलवार को कहा कि पहलगाम आतंकवादी हमले के बाद सरकार ने राष्ट्रीय भावना की अनदेखी करते हुए सैन्य कार्रवाई रोककर पाकिस्तान को ”करारा” जवाब देने का अवसर गंवा दिया. हैदराबाद के सांसद ओवैसी ने यहां पत्रकारों से कहा,”एक भारतीय के तौर पर मैं कहना चाहूंगा कि पहलगाम आतंकी हमले के बाद हमारे पास पाकिस्तान को करारा जवाब देने का मौका था. मुझे आश्चर्य हो रहा है कि उसने (केंद्र सरकार ने) इसे क्यों रोक दिया.” उन्होंने कहा कि युद्ध का माहौल बना हुआ था क्योंकि पाकिस्तान द्वारा छोड़े गए ड्रोन गुजरात से कश्मीर तक पश्चिमी सीमाओं पर मंडरा रहे थे.
ओवैसी ने कहा, ”पूरा देश पाकिस्तान को सबक सिखाने के लिए तैयार था, लेकिन आपने (सरकार ने) रोक दिया. ऐसे मौके दोबारा नहीं आते, लेकिन सरकार ने मौका गंवा दिया.” उनका इशारा भारत द्वारा पड़ोसी देश में आतंकवादी ठिकानों और हवाई अड्डों पर हमला करने के बाद सैन्य कार्रवाई रोकने की ओर था.
आधिकारिक तौर पर, भारत का कहना है कि सशस्त्र बलों द्वारा शुरू किया गया ‘ऑपरेशन सिंदूर’ केवल रोका गया है, समाप्त नहीं किया गया है. भारत ने पहलगाम आतंकी हमले के बाद सैन्य कार्रवाई की थी. जम्मू कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल, 2025 को आतंकवादियों ने 26 लोगों की गोली मारकर हत्या कर दी थी जिनमें ज्यादातर पर्यटक थे. ओवैसी ने हाल में संपन्न एशिया कप क्रिकेट टूर्नामेंट में भारत और पाकिस्तान के बीच हुए मैच को लेकर एक बार फिर केंद्र सरकार की आलोचना की. ओवैसी ने कहा कि बहुलवाद भारत का मूल है. उन्होंने कहा कि एआईएमआईएम महाराष्ट्र में आगामी निकाय चुनाव लड़ेगी.

