बिलासपुर/नयी दिल्ली/भुवनेश्वर. छत्तीसगढ़ के बिलासपुर रेलवे स्टेशन के करीब मंगलवार को एक लोकल ट्रेन के एक मालगाड़ी से टकरा जाने से आठ लोगों की मृत्यु हो गई जबकि 14 अन्य घायल हो गए. अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी. बिलासपुर जिलाधिकारी संजय अग्रवाल ने बताया कि एक लोकल ट्रेन आज कोरबा जिले के गेवरा रोड रेलवे स्टेशन से बिलासपुर के लिए रवाना हुई थी.
अग्रवाल ने बताया कि जब ट्रेन शाम लगभग चार बजे गतौरा और बिलासपुर रेलवे स्टेशन के मध्य में थी तभी लोकल ट्रेन ने एक मालगाड़ी को पीछे से टक्कर मार दी. उन्होंने बताया कि इस घटना में आठ लोगों की मृत्यु हुई है तथा 14 अन्य यात्री घायल हुए हैं. घटनास्थल बिलासपुर शहर से कुछ किलोमीटर दूर है. बिलासपुर में दक्षिण पूर्वी मध्य रेलवे जोन का मुख्यालय है.
उन्होंने बताया कि घायलों को बिलासपुर शहर के अपोलो, छत्तीसगढ़ आयुर्वज्ञिान संस्थान और अन्य अस्पतालों में भर्ती कराया गया है. उन्होंने बताया कि अपोलो अस्पताल में भर्ती एक व्यक्ति की हालत गंभीर बनी हुई है. अग्रवाल ने बताया कि घटना के दौरान लोकल ट्रेन की पहली बोगी, मालगाड़ी की अंतिम बोगी के ऊपर चढ़ गई और छतिग्रस्त हो गई. उन्होंने बताया कि लोकल ट्रेन की बोगी में दो से तीन अन्य यात्रियों के फंसे होने की जानकारी मिली है, जिन्हें निकालने का प्रयास किया जा रहा है. बोगी को काटने के लिए गैस कटर का इस्तेमाल किया जा रहा है.
उन्होंने बताया कि घटना की जानकारी मिलने के बाद रेलवे, जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन के अधिकारी एवं कर्मचारी घटनास्थल पहुंचे तथा राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया. मौके की तस्वीरों में यात्री ट्रेन का एक कोच मालगाड़ी के डिब्बे के ऊपर चढ़ा दिख रहा है. रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, लोकल ट्रेन के मोटरमेन (चालक) विद्या सागर की इस हादसे में मौत हो गई और सहायक मोटरमेन रश्मि राज गंभीर रूप से घायल हो गईं.
उन्होंने बताया कि मालगाड़ी के ट्रेन मैनेजर (गार्ड) ने पैसेंजर ट्रेन को तेज रफ्तार से आते देखकर अपने कोच से छलांग लगा दी और उन्हें मामूली चोटें आईं. अधिकारियों ने बताया कि रेलवे ने मृतकों के परिजनों को 10 लाख रुपये, गंभीर रूप से घायल यात्रियों को पांच लाख रुपये और सामान्य रूप से घायल यात्री को एक लाख रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की है.
अधिकारियों ने बताया कि रेलवे प्रशासन द्वारा राहत एवं बचाव कार्य युद्धस्तर पर प्रारंभ कर दिया गया है. उन्होंने बताया कि वरिष्ठ अधिकारी तत्काल घटनास्थल पर पहुंचकर स्थिति की निगरानी कर रहे हैं और घायलों को नजदीकी अस्पतालों में भेजा गया है. उन्होंने बताया कि रेल प्रशासन प्रभावित यात्रियों को हरसंभव सहायता और समन्वय प्रदान कर रहा है.
उन्होंने बताया कि इस घटना की विस्तृत जांच रेलवे सुरक्षा आयुक्त स्तर पर करायी जाएगी ताकि घटना के कारणों की समुचित जांच करके आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाए जा सकें. अधिकारियों ने बताया कि हादसे के बाद दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने यात्रियों और उनके परिजनों की सुविधा के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किया है. उन्होंने बताया कि यात्री और उनके परिजन हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क करके आवश्यक जानकारी प्राप्त कर सकते हैं. उन्होंने बताया कि रेल प्रशासन पूरी तत्परता से सहायता और समन्वय सुनिश्चित कर रहा है.
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दुर्घटना पर दुख जताया और मृतकों के परिवार वालों को पांच लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपए का मुआवजा देने की घोषणा की है. अधिकारियों ने बताया कि साय ने ट्रेन दुर्घटना को अत्यंत दु?खद और पीड़ादायक बताया है. उन्होंने इस दुर्घटना में अपने प्रियजनों को खोने वाले परिवारों के प्रति गहरी संवेदना प्रकट की है. मुख्यमंत्री ने कहा कि ईश्वर दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान करें और शोकाकुल परिजनों को यह असहनीय दुख सहने की शक्ति दें.
मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन एवं रेलवे की टीम राहत और बचाव कार्य में पूरी तत्परता से जुटी हुई हैं. घायलों के उपचार के लिए सभी आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं और संसाधन उपलब्ध कराए जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पूरी संवेदनशीलता और सतर्कता के साथ स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है तथा हर आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं.
एक घायल महिला यात्री ने संवाददाताओं को बताया कि ट्रेन तेज रफ्तार से चल रही थी, तभी अचानक वह मालगाड़ी से टकरा गई.
उन्होंने बताया, ”इससे पहले कि मैं समझ पाती कि क्या हुआ, लोग चिल्लाने लगे और मदद के लिए पुकारने लगे.” पड़ोसी जांजगीर-चांपा जिले के अकलतरा कस्बे से बिलासपुर जा रही महिला ने बताया कि वह उसी बोगी में थी जो मालगाड़ी के ऊपर चढ़ गई. उन्होंने कहा, ”टक्कर के बाद मेरा पैर सीट के नीचे फंस गया. मुझे बचाव दल ने निकाला और पहले रेलवे अस्पताल ले जाया गया, फिर दूसरे अस्पताल में भेज दिया गया.” महिला ने बताया कि इस हादसे में उनके पैर की हड्डी टूट गई है.
कुछ स्थानीय लोगों के अनुसार, टक्कर की तेज आवाज सुनकर आस-पास के गांव वाले मौके पर पहुंचे और तुरंत बचाव अभियान शुरू किया. रेल विभाग के अधिकारियों ने बताया कि हादसे के बाद लगभग 12 रेल गाड़ियों की आवाजाही पर असर पड़ा है.
केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के राज्य मंत्री तोखन साहू तथा भाजपा विधायक धरमलाल कौशिक घायलों से मिलने अस्पताल पहुंचे.
यात्री ट्रेन का लाल सिग्नल पार करना दुर्घटना का संभावित कारण : छत्तीसगढ़ में टक्कर पर रेलवे बोर्ड
छत्तीसगढ़ में बिलासपुर स्टेशन के निकट एक सवारी गाड़ी और मालगाड़ी के बीच हुई टक्कर में सात लोगों की मौत के कुछ घंटों बाद रेलवे बोर्ड ने मंगलवार को कहा कि ऐसा प्रतीत होता है कि यात्री ट्रेन के लाल सिग्नल पार कर जाने के कारण यह दुर्घटना हुई. रेलवे अधिकारियों ने बताया कि टक्कर शाम करीब चार बजे हुई जब डीईएमयू (डीजल इले्ट्रिरक मल्टीपल यूनिट) ट्रेन पड़ोसी कोरबा जिले के गेवरा से बिलासपुर जा रही थी. गतोरा और बिलासपुर स्टेशनों के बीच यह मालगाड़ी से पीछे से टकरा गया.
रेलवे बोर्ड के एक प्रेस नोट में कहा गया, “रेलवे अधिकारियों के प्रारंभिक आकलन के अनुसार, डीईएमयू ट्रेन द्वारा खतरे के सिग्नल पार करना इसका कारण प्रतीत होता है.” प्रेस नोट में कहा गया, “आज बिलासपुर रेलवे स्टेशन के पास एक मालगाड़ी और लोकल ट्रेन के बीच टक्कर की दुर्भाग्यपूर्ण घटना घटी. रेल प्रशासन ने युद्धस्तर पर राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने के लिए त्वरित कार्रवाई की है.” वरिष्ठ अधिकारी घटनास्थल पर पहुंच गए हैं और स्थिति पर करीब से नजर रख रहे हैं. इस घटना में सात लोगों की मृत्यु हुई है तथा 14 अन्य यात्री घायल हुए हैं. नोट में कहा गया है कि घायलों को निकटवर्ती अस्पतालों में भेज दिया गया है.
रेलवे बोर्ड के अनुसार, मृतकों के परिजनों को 10 लाख रुपये, गंभीर रूप से घायलों को पांच लाख रुपये तथा मामूली रूप से घायलों को एक लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की गई है. रेलवे बोर्ड ने कहा, “रेलवे प्रशासन प्रभावित यात्रियों और उनके परिवारों को हर संभव सहायता प्रदान कर रहा है. शीघ्र राहत उपाय सुनिश्चित करने के लिए जिला अधिकारियों और चिकित्सा टीमों के साथ लगातार समन्वय किया जा रहा है.” इसमें कहा गया है, “घटना की विस्तृत जांच रेलवे सुरक्षा आयुक्त (सीआरएस) के स्तर पर की जाएगी ताकि सटीक कारण का पता लगाया जा सके और आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई की सिफारिश की जा सके.” बोर्ड ने कहा, “यात्री और उनके परिजन आवश्यक जानकारी और सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क कर सकते हैं. रेल प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर रख रहा है और प्रभावितों को हर संभव राहत और सहायता सुनिश्चित कर रहा है.”
माझी और पटनायक ने छत्तीसगढ़ में रेल दुर्घटना में लोगों की मौत पर दुख व्यक्त किया
ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी और विपक्ष के नेता नवीन पटनायक ने मंगलवार को छत्तीसगढ़ के बिलासपुर के निकट हुई रेल दुर्घटना में कई लोगों की मौत पर दुख व्यक्त किया.
माझी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, “बिलासपुर के निकट हुए दुखद रेल हादसे से बहुत दुखी हूं, जिसमें कई बहुमूल्य जान चली गईं और अनेक लोग घायल हो गए.” मुख्यमंत्री ने दुख की इस घड़ी में शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की तथा घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने तथा घटना से प्रभावित परिवारों को संबल प्रदान करने की प्रार्थना की.
विपक्ष के नेता और बीजू जनता दल (बीजद) अध्यक्ष नवीन पटनायक ने कहा कि छत्तीसगढ़ में रेल दुर्घटना में लोगों की मौत के बारे में जानकर उन्हें गहरा दुख हुआ है.
पूर्व मुख्यमंत्री ने ‘एक्स’ पर लिखा, “मेरी संवेदनाएं और प्रार्थनाएं उन शोकाकुल परिवारों के साथ हैं जिन्होंने अपने प्रियजनों को खो दिया है. मलबे में फंसे लोगों के शीघ्र बचाव और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं.” ओडिशा कांग्रेस अध्यक्ष भक्त चरण दास ने भी रेल दुर्घटना में कई लोगों की मौतों और घायलों को लेकर दुख व्यक्त किया. दास ने कहा, “इस कठिन समय में हमारी संवेदनाएं और प्रार्थनाएं सभी प्रभावित परिवारों के साथ हैं.”

