Close Menu
Rashtrawani
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • व्यापार
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • लाइफस्टाइल
प्रमुख राष्ट्रवाणी

मेरी भूमिका रक्षात्मक गेंदबाजी करना और विकेट लेना है: सैंटनर

January 29, 2026

रोहित ने कहा टी20 विश्व कप में अर्शदीप और हार्दिक होंगे सफलता की कुंजी

January 28, 2026

आईसीसी टी20: सूर्यकुमार सातवें स्थान पर, अभिषेक शीर्ष पर कायम; ईशान, दुबे और रिंकू ने लगाई लंबी छलांग

January 28, 2026
Facebook X (Twitter) Instagram
  • Terms
  • About Us – राष्ट्रवाणी | Rashtrawani
  • Contact
Facebook X (Twitter) Instagram
RashtrawaniRashtrawani
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • व्यापार
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • लाइफस्टाइल
Subscribe
Rashtrawani
Home»Entertainment»धर्म व राष्ट्र विरोधी बयान, लोक गायिका को अदालत से नहीं मिली राहत, मुकदमा रद्द करने की याचिका खारिज
Entertainment

धर्म व राष्ट्र विरोधी बयान, लोक गायिका को अदालत से नहीं मिली राहत, मुकदमा रद्द करने की याचिका खारिज

Team RashtrawaniBy Team RashtrawaniSeptember 21, 2025No Comments3 Mins Read
Share Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Reddit Telegram Email
धर्म व राष्ट्र विरोधी बयान, लोक गायिका को अदालत से नहीं मिली राहत, मुकदमा रद्द करने की याचिका खारिज
Share
Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

लखनऊ. इलाहाबाद उच्च न्यायालय की लखनऊ पीठ ने कश्मीर के पहलगाम में 26 लोगों की धर्म पूछकर हत्या के मामले में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और भाजपा के खिलाफ सोशल मीडिया पर कथित तौर पर निराधार, धर्म-विरोधी और राष्ट्र-विरोधी बयान देने को लेकर लोक गायिका नेहा सिंह राठौर को कोई राहत देने से इनकार कर दिया है.

अदालत ने इस मामले में राठौर के खिलाफ दर्ज मुकदमे को रद्द करने की उनकी याचिका खारिज कर दी है और उन्हें जांच में पुलिस का सहयोग करने का भी आदेश दिया है. इसके लिए उन्हें 26 सितंबर को जांच अधिकारी के समक्ष पेश होना होगा. न्यायमूर्ति राजेश सिंह चौहान और न्यायमूर्ति एस.क्यू.एच. रिजवी की पीठ ने मुकदमा निरस्त करने की नेहा की याचिकाओं को 19 सितंबर को खारिज करते हुए फैसला सुनाया. पीठ ने आदेश पारित करते हुए कहा कि जहां सभी नागरिकों को अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का अधिकार है, वहीं संविधान में इसकी कुछ सीमाएं भी निर्धारित हैं.

पीठ ने कहा, ”मुकदमे में लगाये गये आरोपों और केस डायरी के संबंधित हिस्से को देखने के बाद हम इस नतीजे पर पहुंचे हैं कि प्राथमिकी और अन्य सामग्री में लगाए गए आरोप प्रथम दृष्टया संज्ञेय अपराध को जाहिर करते हैं. ऐसे में पुलिस अधिकारियों द्वारा जांच किया जाना वाजिब है.” अदालत ने अपने आदेश में कहा, ”हमारे सामने प्रस्तुत केस डायरी से पता चलता है कि याचिकाकर्ता द्वारा लिखे गए पोस्ट प्रधानमंत्री और गृह मंत्री के खिलाफ हैं. भारत के प्रधानमंत्री के नाम का इस्तेमाल अपमानजनक और असम्मानजनक तरीके से किया गया है. याचिकाकर्ता ने ऐसी टिप्पणियों में धार्मिक पहलू और बिहार चुनाव के कोण का इस्तेमाल किया है और प्रधानमंत्री का नाम लेकर उन पर आरोप लगाया है. साथ ही कहा है कि भाजपा सरकार अपने निहित स्वार्थ के लिए हजारों सैनिकों के जीवन का बलिदान कर रही है और देश को पड़ोसी देश के साथ युद्ध में धकेल रही है.”

याचिका में 27 अप्रैल 2025 को लखनऊ के हजरतगंज थाने में नेहा राठौर के खिलाफ दर्ज मुकदमे को रद्द करने और पुलिस को इस मामले में उन्हें गिरफ्तार करने से रोकने की मांग की गई थी. उनकी ओर से तर्क दिया गया था कि प्राथमिकी उनकी अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को दबाने के लिए दर्ज की गई है.

शासकीय अधिवक्ता वी.के. सिंह ने राठौर की दलीलों का विरोध करते हुए तर्क दिया कि याचिकाकर्ता ने प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और सत्तारूढ. भाजपा के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी करने के साथ ही, पाकिस्तान के साथ तनाव चरम पर होने के दौरान राष्ट्र-विरोधी बयान देकर संविधान के अनुच्छेद 19 के तहत प्रदत्त अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के अधिकार का दुरुपयोग किया है.

सिंह ने कहा कि राठौर के बयानों की पाकिस्तान में सोशल मीडिया पर काफी तारीफ की गयी. उन्होंने यह भी तर्क दिया कि बिहार चुनाव को लेकर राठौर के बयानों ने भी अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की सीमाओं को लांघा है. सिंह ने कहा, ”मौजूदा मामले में मुकदमे के आरोप प्रथम दृष्टया उन अपराधों का आधार प्रस्तुत करते हैं, जिनके तहत प्राथमिकी दर्ज हुई है. साथ ही, जांच एजेंसी द्वारा एकत्र सामग्री संज्ञेय अपराध की ओर संकेत करती है.”

Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email
Previous Articleरूस-यूक्रेन युद्ध की वजह से भारत के बिजली बाजार में बढ़ रहीं कीमतें
Next Article राष्ट्रपति पौडेल ने नेपाल में पांच नए मंत्रियों की नियुक्ति की, सोमवार को शपथ लेंगे
Team Rashtrawani
  • Website

Related Posts

Entertainment

फिल्म ‘बॉर्डर 2’ ने देश में टिकट खिड़की पर 250 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई की

January 28, 2026
Entertainment

‘जन नायकन’ सेंसर सर्टिफिकेट विवाद: मद्रास हाईकोर्ट में एकल पीठ का आदेश रद्द, फिल्म के रिलीज पर सस्पेंस बरकरार

January 27, 2026
Entertainment

रेड लॉरी फिल्म उत्सव के तीसरे संस्करण का आयोजन मार्च में मुंबई में होगा

January 23, 2026
Add A Comment
Leave A Reply Cancel Reply

Top Posts

निर्मला सीतारमण ने जातिगत गणना का श्रेय लेने पर तमिलनाडु सरकार को घेरा

May 3, 202546 Views

सुरक्षा मामलों की कैबिनेट समिति ने जम्मू-कश्मीर की सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की

April 30, 202546 Views

चपरासी से उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन के आरोप में एक प्रिंसिपल और प्रोफेसर निलंबित

April 8, 202543 Views
Stay In Touch
  • Facebook
  • WhatsApp
  • Twitter
  • Instagram
Latest Reviews
राष्ट्रवाणी

राष्ट्रवाणी के वैचारिक प्रकल्प है। यहां आपको राष्ट्र हित के ऐसे दृष्टिकोण पर आधारित समाचार, विचार और अभिमत प्राप्त होंगे, जो भारतीयता, हिंदुत्व और पर्यावरण अनुकूल जीवनशैली, विश्व बंधुत्व और वसुधैव कुटुंबकम के शाश्वत चिंतन को पुष्ट करता है।

संपादक : नीरज दीवान

मोबाइल नंबर : 7024799009

Most Popular

निर्मला सीतारमण ने जातिगत गणना का श्रेय लेने पर तमिलनाडु सरकार को घेरा

May 3, 202546 Views

सुरक्षा मामलों की कैबिनेट समिति ने जम्मू-कश्मीर की सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की

April 30, 202546 Views

चपरासी से उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन के आरोप में एक प्रिंसिपल और प्रोफेसर निलंबित

April 8, 202543 Views
Our Picks

मेरी भूमिका रक्षात्मक गेंदबाजी करना और विकेट लेना है: सैंटनर

January 29, 2026

रोहित ने कहा टी20 विश्व कप में अर्शदीप और हार्दिक होंगे सफलता की कुंजी

January 28, 2026

आईसीसी टी20: सूर्यकुमार सातवें स्थान पर, अभिषेक शीर्ष पर कायम; ईशान, दुबे और रिंकू ने लगाई लंबी छलांग

January 28, 2026
Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • व्यापार
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • लाइफस्टाइल
© 2026 Rashtrawani

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.