🔴240 ई-बसों को मिली मंजूरी, पावर ट्रांसमिशन कंपनी का आएगा IPO
राष्ट्रवाणी, 09 जून 2026। मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai की अध्यक्षता में मंगलवार को मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। कैबिनेट ने किसानों, सार्वजनिक परिवहन, खनन, योग शिक्षा और नवा रायपुर के विकास से जुड़े अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी।
कैबिनेट ने छत्तीसगढ़ स्टेट पावर ट्रांसमिशन कंपनी लिमिटेड को आईपीओ (IPO) के माध्यम से स्टॉक एक्सचेंज में सूचीबद्ध करने की सैद्धांतिक सहमति प्रदान की। इससे आम नागरिक और निवेशक कंपनी की विकास यात्रा में भागीदार बन सकेंगे तथा कंपनी की वित्तीय क्षमता और पारदर्शिता को मजबूती मिलेगी।
खरीफ 2026 से कृषक उन्नति योजना के नए स्वरूप को मंजूरी देते हुए सरकार ने धान के स्थान पर अन्य खरीफ फसलों की खेती को बढ़ावा देने का निर्णय लिया है। दलहन, तिलहन, मक्का, कोदो, कुटकी, रागी और कपास जैसी फसलों की खेती करने वाले किसानों को प्रति एकड़ 15 हजार रुपये की आदान सहायता दी जाएगी। सरकार का मानना है कि इससे फसल विविधीकरण को बढ़ावा मिलेगा और किसानों की आय में वृद्धि होगी।
सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत पात्र हितग्राहियों को चना वितरण की निरंतरता बनाए रखने के लिए नागरिक आपूर्ति निगम को ई-ऑक्शन प्लेटफॉर्म के माध्यम से चना खरीदी की अनुमति दी गई है। इससे खाद्य एवं पोषण सुरक्षा योजनाओं का लाभ निर्बाध रूप से मिलता रहेगा।
कैबिनेट ने योग विषय को समाज कल्याण विभाग से हटाकर चिकित्सा शिक्षा विभाग के अधीन करने का निर्णय लिया है। इससे योग शिक्षा, प्रशिक्षण और अनुसंधान गतिविधियों के बेहतर समन्वय और संचालन का मार्ग प्रशस्त होगा।
प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के तहत पेमेंट सिक्योरिटी मैकेनिज्म के लिए आवश्यक अनुमति प्रदान करते हुए रायपुर, दुर्ग-भिलाई, बिलासपुर और कोरबा में कुल 240 इलेक्ट्रिक बसों के संचालन का रास्ता साफ कर दिया गया है। इससे नागरिकों को आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल सार्वजनिक परिवहन सुविधा मिलेगी।
मंत्रिपरिषद ने Nava Raipur Atal Nagar विकास प्राधिकरण को भूमि क्रय पर दी जा रही स्टाम्प ड्यूटी छूट की अवधि 31 मार्च 2028 तक बढ़ाने का फैसला भी लिया। इससे नवा रायपुर के आधारभूत ढांचे और विकास कार्यों को गति मिलेगी।
इसके अलावा छत्तीसगढ़ खनिज (खनन, परिवहन तथा भंडारण) नियम, 2009 में संशोधन को मंजूरी देते हुए खनिज परिवहन करने वाले वाहनों में आरएफआईडी टैग और वाहन ट्रैकिंग प्रणाली अनिवार्य करने का निर्णय लिया गया है। सरकार का कहना है कि इससे अवैध खनन, परिवहन और भंडारण पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित होगा तथा राज्य के राजस्व में वृद्धि होगी।
कैबिनेट के इन निर्णयों को राज्य में कृषि, परिवहन, उद्योग, खनन और बुनियादी ढांचे के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

