हासन. कर्नाटक के हासन जिले के बेलूर कस्बे स्थित एक मंदिर में भगवान गणेश की मूर्ति पर कथित तौर पर जूता रखकर उसे अपवित्र किए जाने का मामला सामने आया है, जिससे स्थानीय लोगों में आक्रोश फैल गया है. पुलिस सूत्रों ने रविवार को यह जानकारी दी. बताया जा रहा है कि यह घटना शनिवार देर रात की है. सुबह नियमित रूप से मंदिर में पूजा-अर्चना करने आने वाले स्थानीय लोगों ने रविवार को मूर्ति पर जूते रखे देखे. पुलिस ने बताया कि उसने घटना के संबंध में एक महिला को हिरासत में लिया है तथा उससे पूछताछ की जा रही है.

पुलिस अधीक्षक (एसपी) मोहम्मद सुजीत ने संवाददाताओं को बताया कि आरोपी महिला “मानसिक रूप से अस्थिर” है और उसकी विस्तृत चिकित्सा जांच भी कराई जाएगी. एसपी ने कहा, ”परिवार के अनुसार, वह घर पर भी इसी तरह की हरकतें करती है और इसकी जांच की जाएगी… वह फूल बेचती है और हासन के विजयनगर में अपनी मां और दो बेटों के साथ रहती है, जिनमें से एक दिव्यांग है. शादी के छह साल बाद ही उसके पति की मौत हो गई थी.” इससे पहले दिन में स्थानीय लोगों ने इस घटना के दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर प्रदर्शन किया.

पास के सीसीटीवी कैमरों के फुटेज के विश्लेषण के बाद, पुलिस ने संदेह जताया था कि प्रथम दृष्टया यह किसी महिला का कृत्य है, जो मानसिक रूप से अस्वस्थ लग रही है. एसपी ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज में महिला का चेहरा कपड़े से ढका हुआ दिखाई दे रहा है और मंदिर में प्रवेश करते समय वह जो जूते पहने दिख रही है और मूर्ति पर जो जूते रखे गए थे, उनमें समानता प्रतीत होती है. एसी सुजीत और स्थानीय प्रशासन के अधिकारियों ने घटनास्थल का दौरा किया और प्रदर्शनकारियों को समझाने तथा स्थिति का आकलन करने का प्रयास किया. मंदिर अधिकारियों की शिकायत के आधार पर एक मामला दर्ज कर लिया गया है.

एसपी ने प्रदर्शनकारियों को न्याय का आश्वासन दिया और बताया कि आरोपियों को पकड़ने के लिए टीम गठित की गई हैं. इस बीच, सूत्रों ने बताया कि घटना के बाद पुजारियों ने गणेश मूर्ति का शुद्धिकरण अनुष्ठान किया. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता और विधान परिषद सदस्य सीटी रवि ने बेलूर विधायक एचके सुरेश के साथ मंदिर का दौरा किया. रवि ने घटना की निंदा करते हुए इसे “हिंदुओं को भड़काने” का कृत्य करार दिया. उन्होंने घटना के दोषियों का पता लगाने के लिए व्यापक जांच की मांग की.

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