कोलकाता. ओडिशा के बालासोर से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सांसद प्रताप चंद्र सारंगी ने पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर में कथित तौर पर सामूहिक दुष्कर्म का शिकार हुई पीड़िता से मंगलवार को पश्चिम बर्धमान जिले के एक निजी अस्पताल में मुलाकात करने के बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की आलोचना की.
ममता बनर्जी ने छात्रा के देर रात कॉलेज परिसर से बाहर निकलने पर टिप्पणी की थी. सारंगी ने दावा किया कि इस तरह की टिप्पणियां अपराधियों को बचाने के लिए की गयीं. मंगलवार दोपहर को भाजपा कार्यकर्ताओं की एक टीम के साथ दुर्गापुर पहुंचे सारंगी को अस्पताल के सुरक्षार्किमयों ने कथित तौर पर रोक लिया, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच बहस हो गई. भाजपा सांसद ने दोपहर में छात्रा से अस्पताल में मुलाकात की.
सारंगी ने आरोप लगाया, “आज (मंगलवार को) मैंने अधिकारियों से बात की और उन्होंने मुझे बताया कि छात्रा तय समय के भीतर बाहर गई थी. फिर बंगाल की मुख्यमंत्री यह कैसे कह सकती हैं कि वह रात के साढ़े 12 बजे बाहर थीं? वह ऐसा बयान कैसे दे सकती हैं? यह केवल अपराधियों को बचाने के लिए है.” उन्होंने संवाददाताओं से कहा, “मैंने अपनी बेटी को अस्पताल के अंदर देखा है. वह गंभीर मानसिक और शारीरिक आघात से जूझ रही है.” ओडिशा के जलेश्वर की रहने वाली द्वितीय वर्ष की छात्रा से शुक्रवार रात दुर्गापुर स्थित एक निजी मेडिकल कॉलेज परिसर के बाहर कथित तौर पर दुष्कर्म किया गया था. छात्रा अपने एक दोस्त के साथ रात को खाना खाने बाहर निकली थी. पुलिस ने अब तक इस अपराध में कथित संलिप्तता के लिए छह लोगों को गिरफ्तार किया है.
मुख्यमंत्री ने रविवार को कहा था, “छात्रा एक निजी मेडिकल कॉलेज में पढ़ रही थी. इसकी जिम्मेदारी किसकी है? वह रात के साढ़े 12 बजे कैसे बाहर आ गई? छात्रावास में रहने वाले विद्यार्थियों से नियमों का पालन करने की उम्मीद की जाती है, खासकर जो बाहर से पश्चिम बंगाल पढ़ने आए हैं.” ममता ने कहा था, “उन्हें देर रात बाहर निकलने से बचना चाहिए, हालांकि उन्हें जहां चाहें जाने का मौलिक अधिकार है.” भाजपा सांसद ने कहा कि अपने सपनों को पूरा करने दूसरे राज्य आई मेडिकल छात्रा को ऐसी घटना का सामना करना पड़ा, ‘जो अमानवीय से कम नहीं है’. सारंगी ने जोर देकर कहा, “हमने ऐसी ही एक घटना देखी है, जब आरजी कर अस्पताल में एक महिला चिकित्सक से सामूहिक दुष्कर्म किया गया था. इस घटना से ममता बनर्जी का खून खौल जाना चाहिए था. इसके बजाय, वह ऐसे बयान दे रही हैं.”

