शेनझेन. सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी की भारत की शीर्ष पुरुष युगल जोड़ी को एक बार फिर दिल तोड़ने वाली हार का सामना करना पड़ा जब वे रविवार को यहां चीन मास्टर्स सुपर 750 बैडमिंटन टूर्नामेंट के फाइनल में किम वोन हो और सियो सेयुंग जेइ की कोरिया की दुनिया की नंबर एक जोड़ी के खिलाफ सीधे गेम में हार गए.
एशियाई खेलों की चैंपियन भारतीय जोड़ी को फाइनल में अपने खिताबी सूखे को खत्म करने की उम्मीद थी लेकिन पहले गेम में 14-7 की मजबूत बढ़त बनाने बावजूद उन्हें मुकाबले में 45 मिनट में सीधे गेम में 19-21, 15-21 से हार का सामना करना पड़ा. सात्विक और चिराग की जोड़ी लगातार दूसरे फाइनल में लय में दिखी. विश्व चैंपियनशिप में दूसरा कांस्य पदक जीतने और हांगकांग ओपन में उपविजेता रहने के बाद पूरे हफ्ते भारतीय जोड़ी ने एक भी गेम नहीं गंवाया. लेकिन उन्हें मजबूत स्थिति में होने के बावजूद पहला गेम गवाने का मलाल जरूर रहेगा.
किम और सियो अन्य जोड़ीदारों के साथ प्रयोग करने के बाद मौजूद सत्र में फिर से साथ आए हैं. यह जोड़ी 2025 के अपने नौवें फाइनल में खेल रही थी और पहले ही छह खिताब जीत चुकी थी जिसमें पेरिस में विश्व चैंपियनशिप का स्वर्ण और ऑल इंग्लैंड तथा इंडोनेशिया ओपन सुपर 1000 का खिताब भी शामिल है. इस मुकाबले को दुनिया के सर्वश्रेष्ठ आक्रमण और सर्वश्रेष्ठ डिफेंस के बीच की लड़ाई माना जा रहा था और किम तथा सियो ने बेहतर धैर्य और तकनीकी कौशल का प्रदर्शन करते हुए जीत हासिल की.
कोरियाई टीम ने अच्छी शुरुआत करते हुए पहले गेम में 3-0 की बढ़त बनाई लेकिन भारतीय जोड़ी ने लगातार दमदार स्मैश के साथ वापसी की और स्कोर 6-6 कर दिया. चिराग के नेट पर सटीक शॉट ने भारतीय जोड़ी को ब्रेक तक 11-7 की बढ़त दिला दी और जल्द ही उन्होंने इसे 14-8 कर दिया.
हालांकि कुछ गलतियां हुईं. एक वीडियो चैलेंज के असफल होने से सात्विक और चिराग की लय टूटी और कोरियाई जोड़ी ने अगले नौ में से आठ अंक जीतकर स्कोर 15-15 से बराबर कर दिया. नेट पर चिराग की गलती ने कोरियाई जोड़ी को 19-17 की बढ़त दिला दी लेकिन भारतीय जोड़ी ने वापसी करते हुए सियो की गलती से स्कोर 19-19 कर दिया. बाएं हाथ के किम ने एक तेज विनर शॉट के साथ गेम प्वाइंट हासिल किया और चिराग ने इसके बाद शॉट बाहर मार दिया जिससे कोरियाई टीम ने पहला गेम जीत लिया. दूसरे गेम में भारतीय जोड़ी ने 3-2 की बढ़त बनाई और फिर स्कोर 8-6 कर दिया. कोरियाई जोड़ी ने 9-9 पर बराबरी हासिल की और ब्रेक तक एक अंक की बढ़त बनाने में सफल रही.
खेल फिर से शुरू होने पर सियो ने नेट पर र्सिवस मार दी लेकिन अगले ही प्वाइंट पर सात्विक की कमजोर र्सिवस पर अंक जुटाया. चिराग के एक बार फिर शॉट बाहर मारने से कोरियाई जोड़ी ने 15-11 के स्कोर पर चार अंक की बढ़त हासिल की. सियो ने अगले ही प्वाइंट पर फ्लैट शॉट लगाया लेकिन चिराग फिर से चूक गए और कोरियाई टीम 17-14 से आगे हो गई. एक बेहतरीन ड्रॉप शॉट ने कोरियाई टीम की बढ़त को 18-15 कर दिया. चिराग के दो बार शॉट बाहर मारने से कोरियाई जोड़ी ने पांच मैच प्वाइंट हासिल किए जिसके बाद सात्विक ने बाहर शॉट मारकर खिताब कोरियाई टीम की झोली में डाल दिया.

