राष्ट्रवाणी (रायपुर ब्यूरो): राज्य ब्यूरो, , रायपुर। राज्य में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने और उत्तराखंड के चार धाम की तर्ज पर एक मजबूत आध्यात्मिक नेटवर्क स्थापित करने के लिए ‘शक्तिपीठ परियोजना’ की शुरुआत की है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के तहत लगभग 1,000 किलोमीटर लंबे धार्मिक कॉरिडोर का विकास किया जा रहा है।
इसके माध्यम से राज्य के पांच प्रमुख शक्तिपीठों में कुदरगढ़, डोंगरगढ़, रतनपुर, चंद्रपुर और दंतेवाड़ा को एक ही सर्किट से जोड़ा जा रहा है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में इस योजना के लिए बजट में पांच करोड़ रुपये का प्रविधान किया गया है, जिससे इन क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे का तीव्र विकास हो रहा है।
इन सभी शक्तिपीठों पर श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सड़क संपर्क, विश्राम गृह, पेयजल, आधुनिक शौचालय, प्रकाश व्यवस्था, पार्किंग, सीसीटीवी कैमरे और रोप-वे जैसी आधुनिक अवस्थापना सुविधाएं विकसित की जा रही हैं। इसके साथ ही, केंद्र सरकार की ‘प्रसाद’ योजना के तहत रतनपुर और दंतेवाड़ा जैसे प्रमुख स्थलों के समग्र विकास के लिए वृहद कार्ययोजनाएं भी तैयार की गई हैं।
इन प्रयासों से छत्तीसगढ़ में संवहनीय पर्यटन को बल मिलेगा और स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।

