दुर्ग रेंज के 47 प्रशिक्षु उप निरीक्षकों और 1 सूबेदार को दिए महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश
दुर्ग, 30 जून 2026। पुलिस लाइन दुर्ग स्थित दधीचि सभागार में आयोजित प्रशिक्षण समीक्षा एवं मार्गदर्शन कार्यक्रम में दुर्ग रेंज के पुलिस महानिरीक्षक अभिषेक शांडिल्य ने प्रशिक्षणाधीन 47 उप निरीक्षकों एवं 1 सूबेदार को आधुनिक पुलिसिंग, तकनीकी दक्षता, अनुशासन और जनोन्मुखी पुलिस सेवा के संबंध में महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण अवधि एक पुलिस अधिकारी के पूरे सेवा जीवन की नींव होती है और इसी दौरान विकसित कार्यशैली भविष्य में उसकी पहचान बनती है।
तकनीकी रूप से दक्ष बनने पर दिया जोर
आईजी शांडिल्य ने कहा कि वर्तमान दौर में पुलिसिंग तेजी से तकनीक आधारित हो रही है। ऐसे में प्रशिक्षुओं को सीसीटीएनएस, ऑनलाइन चालान प्रणाली, ई-साक्ष्य संकलन, ई-एफएसएल, समन्वय पोर्टल, मेडलीपार और नेटग्रिड जैसी आधुनिक प्रणालियों के प्रभावी उपयोग में दक्ष होना आवश्यक है। उन्होंने वैज्ञानिक विवेचना, डिजिटल साक्ष्यों के संरक्षण और गुणवत्तापूर्ण केस डायरी लेखन पर विशेष बल दिया।
निष्पक्ष और संवेदनशील पुलिसिंग की सीख
उन्होंने प्रशिक्षुओं को निर्देशित किया कि प्रत्येक प्रकरण में तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर निष्पक्ष जांच करें तथा पीड़ित-केंद्रित पुलिसिंग को प्राथमिकता दें। आम नागरिकों के साथ संवेदनशील व्यवहार और पारदर्शी कार्यप्रणाली से ही पुलिस के प्रति जनता का विश्वास मजबूत होगा।
शारीरिक और मानसिक रूप से फिट रहने की सलाह
आईजी ने कहा कि एक सफल पुलिस अधिकारी के लिए शारीरिक एवं मानसिक रूप से स्वस्थ रहना अत्यंत आवश्यक है। अनुशासन, ईमानदारी, नेतृत्व क्षमता और प्रभावी संवाद कौशल को पुलिस सेवा का अभिन्न हिस्सा बताते हुए उन्होंने इन गुणों को निरंतर विकसित करने की सलाह दी।
प्रशिक्षुओं की जिज्ञासाओं का किया समाधान
कार्यक्रम के दौरान प्रशिक्षणार्थियों ने साइबर अपराध, अनुसंधान, तकनीकी पुलिसिंग, न्यायालयीन कार्यवाही और दैनिक पुलिस कार्य से जुड़े विभिन्न विषयों पर सवाल पूछे। आईजी शांडिल्य ने सभी प्रश्नों का विस्तार से उत्तर देते हुए उन्हें उत्कृष्ट, उत्तरदायी और पेशेवर पुलिस अधिकारी बनने के लिए प्रेरित किया।
वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूद
कार्यक्रम में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक एवं नोडल अधिकारी मणिशंकर चन्द्रा, डीएसपी लाइन चंद्र प्रकाश तिवारी, रक्षित निरीक्षक नीलकंठ सहित पुलिस विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का उद्देश्य प्रशिक्षु अधिकारियों को आधुनिक पुलिसिंग की चुनौतियों और अपेक्षाओं से अवगत कराना तथा उन्हें बेहतर नेतृत्व के लिए तैयार करना रहा।
