🔴सचिन पायलट के सामने रखी सामूहिक राय
राष्ट्रवाणी, 02 मई 2026। प्रदेश कांग्रेस संगठन में जिला अध्यक्षों की नाराजगी खुलकर सामने आई है। शुक्रवार को हुई बैठक में जिला अध्यक्षों ने एकजुट होकर प्रदेश प्रभारी Sachin Pilot के सामने संगठनात्मक मुद्दों पर अपनी बात रखी और जिलों में अधिक भूमिका की मांग की।
स्थानीय अनुशंसा से हों नियुक्तियां
सूत्रों के मुताबिक जिला अध्यक्षों का कहना था कि जिलों में पदाधिकारियों की नियुक्तियां स्थानीय अनुशंसा के आधार पर ही की जानी चाहिए। उनका तर्क था कि बिना स्थानीय सहमति नियुक्तियां होने से कई जिलों में विवाद की स्थिति बन रही है।
प्रभारी महामंत्री पद बहाल करने की मांग
बैठक में प्रभारी महामंत्री के पद को फिर से बहाल करने की मांग भी प्रमुखता से उठी। जिला अध्यक्षों ने पीसीसी द्वारा कार्यालय मंत्री को प्रभारी बनाने के आदेश पर असहमति जताते हुए पूर्व व्यवस्था लागू करने का सुझाव दिया।
कई जिलों में नियुक्तियों को लेकर विवाद
जानकारी के अनुसार, कई जिलों में ब्लॉक अध्यक्षों और अन्य पदाधिकारियों की नियुक्ति को लेकर असंतोष है। Raipur शहर जिला में तो नियुक्तियों को लेकर प्रदेश नेतृत्व को हस्तक्षेप करना पड़ा और घोषित सूची में बदलाव करना पड़ा।
मोर्चा-प्रकोष्ठों के गठन पर भी जोर
जिला अध्यक्षों ने मोर्चा-प्रकोष्ठों के शीघ्र गठन की मांग करते हुए कहा कि इसमें उनकी अनुशंसा को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। साथ ही सुझाव दिया गया कि इन प्रकोष्ठों के कार्यक्रम जिला अध्यक्ष की अनुमति से ही आयोजित हों।
अनुशासन और सोशल मीडिया पर चिंता
बैठक में सोशल मीडिया पर बढ़ती अनुशासनहीनता का मुद्दा भी उठा। जिला अध्यक्षों का कहना था कि पार्टी नेताओं की सार्वजनिक बयानबाजी पर सख्त नियंत्रण जरूरी है। निष्कासन जैसी कार्रवाई भी जिलों की अनुशंसा पर ही किए जाने की बात रखी गई।
कार्यकारिणी विस्तार पर पायलट की प्रतिक्रिया
जिला अध्यक्षों की बातों को सचिन पायलट ने ध्यानपूर्वक सुना। हालांकि उन्होंने मुख्य रूप से कार्यकारिणी विस्तार पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यदि लगातार चार बैठकों में 90 प्रतिशत पदाधिकारी उपस्थित रहते हैं, तो वे स्वयं विस्तार की प्रक्रिया आगे बढ़ाने की पहल करेंगे। बैठक में प्रदेश के सभी जिला अध्यक्ष मौजूद रहे।

