इम्फाल. मणिपुर में एक समूह ने मेइती समुदाय के लोगों को अगले सप्ताह उखरुल जिले में आयोजित होने वाले पांच दिवसीय उत्सव के दौरान कुकी बहुल क्षेत्रों में प्रवेश न करने की चेतावनी दी है. मणिपुर में दो युद्धरत पक्षों के बीच जातीय संघर्ष में मई 2023 से अब तक कम से कम 260 लोग मारे गए हैं और हजारों लोग बेघर हो गए हैं.

‘कुकी जो विलेज वालंटियर ईस्टर्न जोन’ ने एक बयान में कहा, ”हम मेइती समुदाय के सभी सदस्यों को दृढ.ता से सलाह देते हैं कि वे किसी भी समय हमारे क्षेत्रों में प्रवेश करने से बचें. इस निर्देश का कोई भी उल्लंघन जानबूझकर माना जाएगा और व्यक्तियों को इसके बाद होने वाले किसी भी नतीजे के लिए पूरी जिम्मेदारी लेनी होगी.” बीस से 24 मई के बीच आयोजित होने वाले शिरुई महोत्सव के दौरान राज्य के विभिन्न हिस्सों से लोग उखरुल आते हैं. इम्फाल, जहां मेइती बहुसंख्यक हैं, से उखरुल तक का मार्ग कुछ गांवों से होकर गुजरता है जहां कुकी प्रमुख ताकत हैं.

हालांकि, उखरुल जिले में नगा आदिवासी लोग बहुसंख्यक हैं. मणिपुर के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) राजीव सिंह ने हाल में उखरुल जिले का दौरा किया था और इस जिले की पहाड़ियों में प्रचुर मात्रा में पाये जाने वाले राजकीय पुष्प शिरुई लिली के संबंध में आयोजित वार्षिक उत्सव की तैयारियों का जायजा लिया.

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