इस्लामाबाद. पाकिस्तान के विदेश मंत्री इसहाक डार ने सोमवार को दावा किया कि उनके देश ने भारत की हालिया कार्रवाइयों पर ह्लजैसे को तैसा से भी बढ़कर जवाबह्व देकर एक नई सामान्य स्थिति स्थापित की है. पहलगाम आतंकी हमले के बाद सात मई को भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में आतंकी ढांचों पर सटीक हमले किए. भारतीय हमलों के बाद पाकिस्तान ने भारतीय सैन्य ठिकानों पर हमला करने की कोशिश की. हालांकि, भारत ने पाकिस्तान की हरकतों का कड़ा जवाब दिया.

डार ने इस्लामाबाद में एक कार्यक्रम में बोलते हुए दावा किया, “पाकिस्तान ने भारत को जैसे को तैसा से भी बढ़कर जवाब दिया है, जो पाकिस्तान द्वारा स्थापित नई सामान्य स्थिति है, अगर भारत परमाणु युद्ध के खतरे के बीच सीमित युद्ध की अपनी खतरनाक धारणा पर अड़ा रहता है.” पाकिस्तान के प्रधानमंत्री डार ने कहा, “इस चार दिन की जंग के नतीजे ने एक बार फिर इस वास्तविकता को रेखांकित किया है कि भारत न तो पाकिस्तान को डरा सकता है और न ही उस पर दबाव डाल सकता है.” डार ने यह भी कहा कि पाकिस्तान सिंधु जल संधि के तहत अपने अधिकारों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है.

उन्होंने कहा कि पाकिस्तान भारत द्वारा कथित रूप से “अंतरराष्ट्रीय कानून और संधि के प्रावधानों के उल्लंघन” को उजागर करने के लिए सभी प्रासंगिक अंतरराष्ट्रीय और कानूनी मंचों का इस्तेमाल करेगा. डार ने कश्मीर के लिए पाकिस्तान के समर्थन को दोहराया और कहा, “दक्षिण एशिया में स्थायी शांति जम्मू-कश्मीर विवाद के न्यायोचित और स्थायी समाधान पर निर्भर है.” उप प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि पाकिस्तान भारत सहित अपने सभी पड़ोसियों के साथ शांतिपूर्ण और सहयोगात्मक संबंध के लिए प्रतिबद्ध है.

उन्होंने इस बात पर बल दिया कि दक्षिण एशियाई देश अर्थव्यवस्था से लेकर प्रौद्योगिकी और कनेक्टिविटी तक के मुद्दों पर समूह गठित कर सकते हैं. डार ने कहा कि पाकिस्तान, चीन और बांग्लादेश ने साझा हितों के व्यापक क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ावा देने के लिए हाल में एक त्रिपक्षीय तंत्र का गठन किया है.

राष्ट्रवाणी एक डिजिटल समाचार एवं जनचर्चा मंच है, जिसका उद्देश्य विश्वसनीय पत्रकारिता, सार्थक राष्ट्रीय विमर्श और जनहित से जुड़े मुद्दों को प्रभावशाली तरीके से समाज के सामने प्रस्तुत करना है।

हम मानते हैं कि पत्रकारिता केवल समाचार देने का माध्यम नहीं, बल्कि समाज को जागरूक करने, लोकतांत्रिक संवाद को मजबूत बनाने और राष्ट्र निर्माण की दिशा में सकारात्मक सोच विकसित करने का दायित्व भी है। “राष्ट्र प्रथम” की भावना के साथ राष्ट्रवाणी देश, समाज, शासन, अर्थव्यवस्था, कृषि, तकनीक, संस्कृति और जनसरोकारों से जुड़े विषयों को गहराई और तथ्यात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत करता है।

संपादक : नीरज दीवान

मोबाइल नंबर : 7024799009

© 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.
Exit mobile version