राष्ट्रवाणी: शिवम, मिश्रा, रायपुर। राजधानी में साइबर ठग अब व्यापारियों को निशाना बनाने के लिए नए-नए तरीके अपना रहे हैं। टिकरापारा इलाके में एक सराफा कारोबारी के साथ ऐसी ही ठगी का मामला सामने आया है, जिसमें आरोपी ने पहले सोना खरीदा, ऑनलाइन भुगतान कर कारोबारी का भरोसा जीता और बाद में बैंकिंग प्रक्रिया का फायदा उठाकर करीब दो लाख रुपये की रकम होल्ड करा दी। जब कारोबारी बैंक पहुंचा, तब पूरे खेल का खुलासा हुआ। कारोबारी ने टिकरापारा थाने में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज और बैंक ट्रांजेक्शन के आधार पर आरोपियों की तलाश कर रही है। जानकारी के अनुसार, संजय नगर निवासी अजय सोनी टिकरापारा मेन रोड स्थित अजय ज्वेलर्स का संचालन करते हैं। 17 जुलाई को एक युवक उनकी दुकान पर पहुंचा और करीब छह ग्राम सोना खरीदने की इच्छा जताई। दुकान में मौजूद पांच ग्राम के सोने के सिक्के की कीमत 76,220 रुपये थी, जिसका भुगतान युवक ने जागदामबा तक के नाम से ऑनलाइन कर दिया। इसके बाद उसने करीब 1.600 ग्राम अतिरिक्त सोना भी खरीदा और उसके लिए 23,500 रुपये का ऑनलाइन ट्रांसफर किया। भुगतान करने के बाद युवक ने कहा कि वह कुछ देर बाद सोना लेने आएगा और दुकान से चला गया। करीब एक घंटे बाद लौटकर उसने अतिरिक्त खरीदा गया सोना लेने से इनकार कर दिया और उसकी रकम वापस करने का आग्रह किया। भुगतान पहले ही ऑनलाइन होने के कारण कारोबारी ने भी उसके बताए खाते में 23,500 रुपये लौटा दिए। 20 जुलाई को कारोबारी के पास एक कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को जागदामबा तक का प्रतिनिधि बताते हुए खाते में बड़ी राशि जमा होने की जानकारी दी। बैंक खाता देखने पर कुछ समय के लिए बैलेंस सामान्य दिखाई दिया, लेकिन कुछ घंटे बाद अचानक खाते का बैलेंस माइनस में चला गया। इससे कारोबारी को आशंका हुई और वह अगले दिन बैंक पहुंचा। बैंक अधिकारियों ने जांच के दौरान बताया कि अलग-अलग ट्रांजेक्शन की राशि पर होल्ड लगा दिया गया है। पहले दो ट्रांजेक्शन में 99,720 रुपये और अगले दिन दो अन्य ट्रांजेक्शन में भी 99,720 रुपये रोक दिए गए। इस तरह कुल 1,99,440 रुपये की राशि फंस गई। यहीं से कारोबारी को समझ आया कि उसके साथ सुनियोजित साइबर ठगी की गई है। मामले की जांच के दौरान कारोबारी को पता चला कि संतोषी नगर स्थित श्री ओम शांति ज्वेलर्स में भी इसी तरह की वारदात हुई थी। वहां के सीसीटीवी फुटेज देखने पर उसने उसी युवक की पहचान की, जिसने उसकी दुकान पर आकर सोना खरीदा था। शिकायत में साहिल और आयुष साहू के नाम सामने आए हैं। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और सीसीटीवी फुटेज, बैंकिंग रिकॉर्ड तथा डिजिटल ट्रांजेक्शन के आधार पर आरोपियों की तलाश की जा रही है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी पहले ऑनलाइन भुगतान कर दुकानदार का विश्वास जीतते हैं और बाद में बैंकिंग सिस्टम का दुरुपयोग कर ट्रांजेक्शन को होल्ड या रिवर्स कराने की कोशिश करते हैं। ऐसे मामलों को देखते हुए विशेषज्ञों का कहना है कि केवल खाते में राशि दिखाई देने के आधार पर लेन-देन को अंतिम न मानें। बैंक से भुगतान की पूर्ण पुष्टि होने के बाद ही सामान सौंपें या किसी प्रकार की रकम वापस करें।

राष्ट्रवाणी एक डिजिटल समाचार एवं जनचर्चा मंच है, जिसका उद्देश्य विश्वसनीय पत्रकारिता, सार्थक राष्ट्रीय विमर्श और जनहित से जुड़े मुद्दों को प्रभावशाली तरीके से समाज के सामने प्रस्तुत करना है।

हम मानते हैं कि पत्रकारिता केवल समाचार देने का माध्यम नहीं, बल्कि समाज को जागरूक करने, लोकतांत्रिक संवाद को मजबूत बनाने और राष्ट्र निर्माण की दिशा में सकारात्मक सोच विकसित करने का दायित्व भी है। “राष्ट्र प्रथम” की भावना के साथ राष्ट्रवाणी देश, समाज, शासन, अर्थव्यवस्था, कृषि, तकनीक, संस्कृति और जनसरोकारों से जुड़े विषयों को गहराई और तथ्यात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत करता है।

संपादक : नीरज दीवान

मोबाइल नंबर : 7024799009

© 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.
Exit mobile version