राष्ट्रवाणी: आशुतोष तिवारी, जगदलपुर। बस्तर जिले के बकावंड विकासखंड में राजस्व व्यवस्था को लेकर किसानों में गहरा आक्रोश है। ग्रामीणों का आरोप है कि संबंधित पटवारी उपेंद्र बघेल के खिलाफ कई बार लिखित शिकायतें और आवेदन देने के बावजूद जिम्मेदार अधिकारी अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर पाए हैं। इससे ग्रामीणों के बीच यह चर्चा तेज हो गई है कि आखिर अधिकारियों की चुप्पी का कारण क्या है? ग्रामीणों का कहना है कि शिकायतों के बाद अधिकारियों ने केवल आश्वासन दिए, लेकिन न तो किसी अधिकारी ने मौके पर पहुंचकर वास्तविक स्थिति का निरीक्षण किया और न ही शिकायतों का समाधान किया। किसानों का आरोप है कि उन्हें न सही रिकॉर्ड, किसान पुस्तिका/खसरा संबंधी समस्याओं का निराकरण मिला, न मुआवजे का लाभ मिला और न ही लंबित मामलों का निपटारा हुआ। ग्रामीणों का कहना है कि यदि शिकायतों के बावजूद जिम्मेदार अधिकारी कार्रवाई नहीं करते हैं, तो इससे प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं। किसानों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई तथा लंबित राजस्व मामलों का शीघ्र निराकरण करने की मांग की है।
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