बिलासपुर. छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में स्थित उच्च न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद पुलिस ने अदालत परिसर की तलाशी ली, लेकिन कुछ भी संदिग्ध नहीं मिला. पुलिस अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी. उन्होंने बताया कि यह धमकी झूठी साबित हुई, क्योंकि सोमवार को मिली धमकी के बाद तलाशी ली गयी लेकिन कुछ भी संदिग्ध नहीं मिला.

बिलासपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) रजनेश सिंह ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय की आधिकारिक ईमेल आईडी पर सोमवार दोपहर को धमकी भरा एक संदेश आया, जिसके बाद शाम पांच बजकर 50 मिनट पर पुलिस को इस बारे में सूचित किया गया.

पुलिस अधिकारी ने कहा कि अज्ञात व्यक्ति द्वारा भेजे गए ई-मेल में कहा गया था कि “कलेक्ट्रेट कार्यालय में एक विस्फोटक उपकरण लगाया गया है और हम सोमवार शाम 6.45 बजे तक इसे उड़ा देंगे.” अधिकारी ने बताया कि इसके बाद परिसर को तुरंत खाली करा लिया गया. उन्होंने बताया कि दो बम निरोधक दस्तों और एक श्वान दस्ते के साथ पुलिस की एक टीम ने रात 10 बजे तक परिसर की गहन तलाशी ली. एसएसपी ने कहा, ” तलाशी के दौरान अदालत परिसर में कहीं भी कोई संदिग्ध वस्तु, बम, विस्फोटक या कोई खतरनाक सामग्री नहीं मिली. ” उन्होंने बताया कि एहतियात के तौर पर मंगलवार को उच्च न्यायालय परिसर में बम निरोधक दस्ते को तैनात किया गया था. अधिकारी ने बताया कि इस सिलसिले में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और ईमेल के स्रोत का पता लगाने के लिए जांच जारी है.

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