टोक्यो: अमेरिकी टैरिफ से मची वैश्विक उथल-पुथल के बीच पीएम मोदी जापान और चीन के दौरे पर हैं। आज पीएम मोदी के जापान दौरे का दूसरा दिन है। वे आज भी वहां कई कार्यक्रमों में शामिल होंगे। वे टोक्यो इलेक्ट्रॉन फैक्ट्री का मुआयना करने जाएंगे। उन्होंने जापान की हाई-स्पीड बुलेट ट्रेन की सवारी भी की। जापानी समकक्ष शिगेरू इशिबा के साथ टोक्यो से सेंदाई तक यात्रा की। जापान के बाद आज ही पीएम मोदी चीन की ऐतिहासिक यात्रा पर रवाना होंगे। जहां वे एससीओ के शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। चीन में पीएम मोदी की चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ भी बैठकें करेंगे।
पीएम मोदी ने सेमीकंडक्टर प्लांट का दौरा किया
पीएम मोदी ने सेनडाई में सेमीकंडक्टर प्लांट का दौरा किया। इसकी पीएम मोदी ने कुछ तस्वीरें भी साझा की हैं। इन तस्वीरों के साथ पीएम मोदी ने लिखा कि ‘प्रधानमंत्री इशिबा और मैंने टोक्यो इलेक्ट्रॉन फैक्ट्री का दौरा किया। हम प्रशिक्षण कक्ष और उत्पादन नवाचार प्रयोगशाला गए और कंपनी के शीर्ष अधिकारियों से बातचीत की। सेमीकंडक्टर क्षेत्र भारत-जापान सहयोग का एक प्रमुख क्षेत्र है। पिछले कुछ वर्षों में, भारत ने इस क्षेत्र में काफी प्रगति की है। बहुत से युवा भी इससे जुड़ रहे हैं। हम आने वाले समय में भी इस गति को जारी रखना चाहते हैं।’
पीएम मोदी ने साझा की तस्वीरें
बुलेट ट्रेन की कुछ तस्वीरें पीएम मोदी ने सोशल मीडिया अकाउंट पर शेयर की हैं। प्रधानमंत्री सेनडाई में सेमीकंडक्टर प्लांट का दौरा करेंगे
सेंडाई पहुंचे पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुलेट ट्रेन से जापान के सेंडाई पहुंचे, जहां स्थानीय लोगों ने ‘मोदी सैन वेलकम’ के नारे लगाकर उनका स्वागत किया।
प्रधानमंत्री मोदी ने 16 राज्यपालों के साथ बैठक की
वहीं, बुलेट ट्रेन से सेंडाई रवाना होने से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को टोक्यो में 16 जापानी प्रान्तों के राज्यपालों से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने भारत-जापान विशेष रणनीतिक और वैश्विक साझेदारी के तहत राज्य-प्रान्त सहयोग को मज़बूत करने का आह्वान किया। विदेश मंत्रालय (एमईए) ने इस बारे में जानकारी दी। चर्चा में प्रौद्योगिकी, नवाचार, निवेश, कौशल, स्टार्ट-अप और लघु एवं मध्यम उद्यमों के क्षेत्र में भारतीय राज्यों और जापानी प्रान्तों के बीच बढ़ती साझेदारी को और गहरा करने के तरीकों पर ध्यान केंद्रित किया गया।
विदेश मंत्रालय (एमईए) ने बताया कि प्रधानमंत्री ने राज्य-प्रान्तों के बीच सहयोग की संभावनाओं पर प्रकाश डाला और इस संबंध में साझा प्रगति के लिए 15वें भारत-जापान वार्षिक शिखर सम्मेलन के दौरान शुरू की गई राज्य-प्रान्त साझेदारी पहल के तहत कार्रवाई करने का आग्रह किया।