आईपीएल 2026 में 776 रन बनाकर छक्कों की बरसात करने वाले वैभव सूर्यवंशी अब श्रीलंका में खेली जा रही ट्राई सीरीज में हवाई शॉट खेलने के बजाय केवल जमीन से जुड़े चौकों से ही काम चला रहे हैं। अफगानिस्तान ए के खिलाफ दूसरे मुकाबले में उन्होंने 22 गेंदों में 44 रनों की तेज पारी तो खेली, लेकिन इसमें 9 चौके शामिल थे और छक्का एक भी नहीं था.
क्रिकेट के गलियारों में अब यह आलोचना और चर्चा शुरू हो गई है कि जो बल्लेबाज आईपीएल में गेंदबाजों के ऊपर से गेंद को स्टेडियम पार कराने के लिए मशहूर था, वह इंटरनेशनल स्तर (इंडिया ए) पर आते ही छक्के मारना क्यों भूल गया है?
वैभव सूर्यवंशी के इस नए रूप को लेकर उठ रहे सवालों और उनके प्रदर्शन के मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं:
- आईपीएल का शेर, ट्राई सीरीज में शांत: आईपीएल में 237.30 के विस्फोटक स्ट्राइक रेट से रन कूटने वाले वैभव ने ट्राई सीरीज के दोनों ही मैचों में एक भी छक्का नहीं जड़ा है.
- श्रीलंका के खिलाफ पहली नाकामी: सीरीज के पहले मुकाबले में श्रीलंका ए के खिलाफ डेब्यू करते हुए वह केवल 12 गेंदों में 14 रन बनाकर आउट हो गए थे, जिसमें सिर्फ 3 चौके थे.
- बड़ी पारी में बदलने की कमजोरी: अफगानिस्तान के खिलाफ 200 के स्ट्राइक रेट से 44 रन बनाने के बावजूद, वह अपनी शुरुआत को अर्धशतक या बड़ी पारी में नहीं बदल सके और एक गैर-जिम्मेदाराना ‘बैकफूट गाइड शॉट’ खेलकर कैच दे बैठे.
- जमीनी शॉट पर निर्भरता: अफगानिस्तान के खिलाफ खेले गए मैच में उन्होंने हवाई फायर करने के बजाय सिर्फ खराब गेंदों का इंतजार किया और चौके बटोरे, जो उनके नेचुरल ‘सिक्सर किंग’ वाले अंदाज के विपरीत नजर आया.
वैभव का ये नया अंदाज आने वाले दिनों में उन्हें कामयाब बनाता है, यो फिर उन्हें गुमनामी के अंधेरे में धकेलेगा ये तो आने वाला वक्त ही बताएगा, लेकिन अगर वैभव का बल्ला बोलता रहा तो ये तो तय है कि उसका स्ट्राइक रेट दिग्गज क्रिकेटरों से कहीं ज्यादा ही होगा ।

