नयी दिल्ली. एक अप्रत्याशित घटनाक्रम में भारतीय महिला हॉकी टीम के मुख्य कोच हरेंद्र सिंह ने ‘निजी कारणों’ का हवाला देकर तुरंत प्रभाव से पद से इस्तीफा दे दिया है . हरेंद्र सिंह ने अप्रैल 2024 में ही पद संभाला था और समझा जा रहा था कि वह लॉस एंजिलिस ओलंपिक 2028 तक टीम के साथ रहेंगे. सूत्रों ने बताया कि तोक्यो ओलंपिक 2020 में चौथे स्थान पर रही टीम के मुख्य कोच नीदरलैंड के शोर्ड मारिन की भारतीय टीम में इस पद पर वापसी हो सकती है .

सूत्रों के अनुसार अचानक हुए घटनाक्रम में हरेंद्र सिंह ने हॉकी इंडिया को ईमेल भेजकर सूचित किया है कि वह तुरंत प्रभाव से पद छोड़ रहे हैं . उन्होंने यह भी कहा कि यह विशुद्ध रूप से उनका ‘निजी फैसला’ है . सूत्रों ने बताया कि मारिन की भारतीय महिला हॉकी टीम के कोच के रूप में वापसी हो सकती है जिनके मार्गदर्शन में भारतीय टीम तोक्यो ओलंपिक में ऐतिहासिक प्रदर्शन करते हुए चौथे स्थान पर रही थी . मारिन ने अगस्त 2021 में महिला हॉकी टीम के मुख्य कोच के पद से इस्तीफा दिया था .

इससे पहले वह लखनऊ विश्व कप 2016 विजेता जूनियर पुरूष हॉकी टीम के कोच रहे थे . वह भारतीय महिला टीम के मुख्य कोच के रूप में वापसी से पहले 2021 से 2024 तक अमेरिका की राष्ट्रीय पुरूष हॉकी टीम के कोच थे . वह सितंबर 2017 में भारतीय सीनियर महिला टीम के मुख्य कोच बने जिसने उस साल महिला एशिया कप जीता था . इसके बाद वह मई 2018 में शोर्ड मारिन की जगह भारतीय पुरूष टीम के मुख्य कोच बने लेकिन जनवरी 2019 में खराब प्रदर्शन के चलते उन्हें पद से हटा दिया गया था . इससे पहले वह तीन बार पुरूष टीम के अंतरिम मुख्य कोच भी रहे .

भारतीय महिला हॉकी टीम का प्रदर्शन पिछले एक साल में निराशाजनक रहा है . एफआईएच प्रो लीग 2024 . 25 में भारतीय टीम ने 16 मैचों में महज दो जीत दर्ज की और तीन मैच ड्रॉ खेले जबकि उसे 11 मैच में हार सामना करना पड़ा. भारतीय टीम 10 अंक के साथ नौ टीम की तालिका में अंतिम स्थान पर रही और अगले सत्र के लिये क्वालीफाई करने में नाकाम रही . राजगीर में नवंबर में एशियाई चैम्पियंस ट्रॉफी में भारत ने खिताब जीता लेकिन वहां जापान और कोरिया की दोयम दर्जे की टीमें थी . एशिया कप में फाइनल हारने के बाद भारतीय टीम विश्व कप के लिये सीधे क्वालीफाई नहीं कर पाई .



Share.
Leave A Reply

Exit mobile version