राष्ट्रवाणी (रायपुर ब्यूरो): राज्य ब्यूरो, . रायपुर। महादेव ऑनलाइन सट्टा एप मामले के मुख्य आरोपित और मास्टरमाइंड सौरभ चंद्राकर को ओमान से गिरफ्तार कर भारत लाया गया है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जारी रेड कार्नर नोटिस के आधार पर ओमान की रॉयल पुलिस ने उसे हिरासत में लिया था।
प्रत्यर्पण की कानूनी और प्रशासनिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद सीबीआई की एक विशेष टीम रविवार को उसे लेकर दिल्ली पहुंची। दिल्ली में आवश्यक चिकित्सीय परीक्षण और प्रारंभिक पूछताछ के बाद ट्रांजिट रिमांड पर उसे रायपुर लाया जा रहा है, जहां सोमवार को उसे स्थानीय विशेष अदालत में पेश किए जाने की पूरी तैयारी कर ली गई है।
जांच एजेंसियों से प्राप्त जानकारी के अनुसार, महादेव ऑनलाइन बुक विदेश से संचालित होने वाला देश का सबसे बड़ा और संगठित अवैध सट्टेबाजी नेटवर्क था। इस सिंडिकेट के तहत क्रिकेट, फुटबॉल, ताश और विभिन्न ऑनलाइन खेलों पर अवैध रूप से दांव लगवाने के लिए देश के अलग-अलग हिस्सों में पैनल और शाखाएं सक्रिय की गई थीं।
इन शाखाओं के माध्यम से आम नागरिकों को सट्टेबाजी के जाल में फंसाकर भारी मात्रा में रकम जमा कराई जाती थी। सट्टे के इस कारोबार से मिलने वाले काले धन को कई फर्जी बैंक खातों में ट्रांसफर किया जाता था और जटिल लेन-देन के जरिए पैसे के असली स्रोत को पूरी तरह छिपाया जाता था। इसके बाद हवाला चैनलों के माध्यम से अवैध रूप से यह पूरी रकम विदेश भेजी जाती थी।
इस नेटवर्क को बिना किसी बाधा केचलाने के लिए सरकारी कर्मचारियों और तंत्र से जुड़े लोगों को भी रिश्वत दिए जाने के खुलासे सामने आए हैं। इस हाई-प्रोफाइल मामले की गंभीरता को देखते हुए छत्तीसगढ़ राज्य सरकार ने महादेव एप से जुड़े कुल 13 मामलों की विस्तृत जांच सीबीआई को सौंप दी थी। केंद्रीय एजेंसी ने भ्रष्टाचार, आपराधिक साजिश, धोखाधड़ी और जालसाजी की गंभीर धाराओं के तहत अपनी कार्रवाई तेज की।
वहीं दूसरी ओर, प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने भी सौरभ चंद्राकर के खिलाफ अपनी अभियोजन शिकायत दाखिल कर रखी है और भारत तथा विदेशों में स्थित उसकी करोड़ों रुपए की बेनामी संपत्तियों को कुर्क किया है।

