ह्यूस्टन. सांसद श्री थानेदार ने अमेरिकी प्रशासन पर जम्मू-कश्मीर के पहलगाम मे हुए आतंकी हमले पर सुस्त प्रतिक्रिया दिखाने का आरोप लगाया. हमले में 26 लोगों की मौत हो गयी थी. डेमोक्रेट सांसद थानेदार ने ‘हिंदूएक्शन’ द्वारा ‘ग्लोबल कश्मीरी पंडित डायस्पोरा’ (जीकेपीडी) और ‘कश्मीर ओवरसीज एसोसिएशन यूएसए’ (केओए-यूएसए) के साथ मिलकर आयोजित एक शोक सभा में कहा, “बयानबाजी पर्याप्त नहीं है, कार्रवाई की जरूरत है.” वाशिंगटन डीसी में सोमवार को ‘रेबर्न हाउस ऑफिस बिल्डिंग’ में ‘पाकिस्तान प्रॉक्सी वॉर अगेंस्ट हिंदू ग्लोबन इंप्लीकेशन’ नाम के एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया.

थानेदार ने हिंदू अमेरिकियों से राजनीतिक रूप से एकजुट होने का आग्रह किया और वाशिंगटन से भारत को अन्य प्रमुख सहयोगियों, विशेष रूप से इजराइल के समान ही रणनीतिक महत्व देने का आह्वान किया. ‘हिंदूएक्शन’ के कार्यकारी निदेशक उत्सव चक्रवर्ती के अनुसार, पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए हमले में मारे गये लोगों के नाम पढ.े गए और भगवद गीता के श्लोकों का पाठ किया गया.
उन्होंने ‘पीटीआई-भाषा’ को फोन पर यह जानकारी दी और एक प्रेस विज्ञप्ति साझा की. रक्षा विभाग की सलाहकार क्रिस्टल कौल भी कार्यक्रम में शामिल हुईं.

जीकेपीडी के सह-संस्थापक सुरिंदर कौल ने कहा, “कश्मीर में जो हुआ वह वैश्विक आतंकवाद की एक बड़ी चुनौती का हिस्सा है. चरमपंथ के जाल इसकी सीमाओं से कहीं आगे तक फैले हुए हैं.” माइकल रुबिन ने खाड़ी युद्ध के दौरान मार्गरेट थैचर-जॉर्ज बुश गठबंधन की तरह भारत-अमेरिका की आवश्यक साझेदारी की तुलना की और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर रणनीतिक दबाव बनाए रखने का आग्रह किया. रुबिन ने कहा, “अमेरिका के पास अपने सबसे करीबी लोकतांत्रिक सहयोगियों में से एक के साथ खड़े न होने का कोई बहाना नहीं है.”

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