कीव. यूक्रेन ने शनिवार-रविवार की दरम्यानी रात में दक्षिणी रूस में एक प्रमुख गैस प्रसंस्करण संयंत्र पर ड्रोन से हमला किया, जिससे आग लग गई और संयंत्र को कजाकिस्तान से गैस की आपूर्ति रोकनी पड़ी. रूसी और कजाख अधिकारियों ने रविवार को यह जानकारी दी.
खबर के मुताबिक, हमले की चपेट में आया ओरेनबर्ग संयंत्र सरकारी स्वामित्व वाली गैस कंपनी गैज.प्रोम द्वारा संचालित है और कजाक सीमा के निकट इसी नाम के क्षेत्र में स्थित है. यह एक उत्पादन और प्रसंस्करण परिसर का हिस्सा है जो अपनी तरह की दुनिया की सबसे बड़ी सुविधाओं में से एक है, जिसकी वार्षिक क्षमता 45 अरब घन मीटर है. ओरेनबर्ग अपने तेल और गैस क्षेत्रों के साथ-साथ कजाकिस्तान के कराचागानक क्षेत्र से गैस संघनित पदार्थों का प्रबंधन करता है.
क्षेत्रीय गवर्नर येवगेनी सोलन्त्सेव के मुताबिक, ड्रोन हमलों से संयंत्र की एक कार्यशाला में आग लग गई और इसका एक हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया. कजाकिस्तान के ऊर्जा मंत्रालय ने रविवार को गैजप्रोम की अधिसूचना का हवाला देते हुए कहा कि ड्रोन हमले के बाद आपातकालीन स्थिति के कारण संयंत्र अस्थायी रूप से कजाकिस्तान से आने वाली गैस को संसाधित करने में असमर्थ है.
यूक्रेन के जनरल स्टाफ ने रविवार को एक बयान में दावा किया कि ओरेनबर्ग संयंत्र में ”बड़े पैमाने पर आग” लग गई, और इसकी एक गैस प्रसंस्करण और शोधन इकाई क्षतिग्रस्त हो गई. इस बीच, यूक्रेन के अभियोजकों ने दावा किया कि रूस यूक्रेन में नागरिकों पर हमला करने के लिए अपने घातक हवाई-निर्देशित बमों का रुख बदल रहा है. खार्किव के स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि रूस ने पहली बार एक नए रॉकेट-चालित हवाई बम का इस्तेमाल करके रिहायशी इलाके को निशाना बनाया.
खार्किव के क्षेत्रीय अभियोजक कार्यालय ने शनिवार देर रात एक बयान में कहा कि रूस ने शनिवार दोपहर लोज.ावा शहर पर हमले में यूएमपीबी-5आर नामक हथियार का इस्तेमाल किया, जो 130 किलोमीटर तक की दूरी तक मार कर सकता है. यूक्रेन के जनरल स्टाफ ने यह भी दावा किया कि एक अलग ड्रोन हमले में ओरेनबर्ग के पास समारा क्षेत्र में रूस की नोवोकुइबिशेवस्क तेल शोधन इकाई को निशाना बनाया गया, जिससे आग लग गई और इसकी मुख्य शोधन इकाइयों को नुकसान पहुंचा.
रूसी गैस कंपनी रोसनेफ्ट द्वारा संचालित नोवोकुइबिशेवस्क संयंत्र की वार्षिक क्षमता 49 लाख टन है और यहां 20 से अधिक प्रकार के उत्पादों का उत्पादन होता है. रूसी अधिकारियों ने यूक्रेनी दावे की पुष्टि नहीं की है और न ही किसी नुकसान की जानकारी दी. रूस के रक्षा मंत्रालय ने रविवार को एक बयान में कहा कि उसके वायु रक्षा बलों ने गत रात यूक्रेन के 45 ड्रोन को मार गिराया, जिनमें समारा क्षेत्र में 12, ओरेनबर्ग क्षेत्र में एक और समारा के पड़ोसी सारातोव क्षेत्र में 11 ड्रोन शामिल हैं. वहीं, यूक्रेन ने दावा किया कि उसके इलाके पर रात में रूस द्वारा 62 ड्रोन हमले किये गए जिनमें से 40 को नाकाम कर दिया गया.
