मुंबई: महाराष्ट्र के राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने सोमवार को विधानपरिषद में खुलासा किया कि मुंबई उपनगर में पारिस्थितिकी की दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्रों (ईको-सेंसिटिव जोन) से संबद्ध गांवों के 102 नक्शे फर्जी पाए गए हैं।

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से विधानपरिषद सदस्य विक्रांत पाटिल के प्रश्न का उत्तर देते हुए बावनकुले ने कहा कि यह जालसाजी 2020 में सामने आई थी। उन्होंने बताया,‘‘मालवण, पोइसर और एरंगल क्षेत्रों के मूल रिकॉर्ड में छेड़छाड़ पाये जाने के बाद यह मामला उजागर हुआ।

बंबई उच्च अदालत के आदेश के बाद एक विशेष जांच दल (एसआईटी) गठित किया गया तथा अब तक दो सेवानिवृत्त पुलिस अधिकारियों और सात निजी व्यक्तियों समेत कुल नौ लोगों को गिरफ्तार किया गया है।’’ मंत्री ने कहा कि इस घोटाले में शामिल 11 सरकारी कर्मचारियों के खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू की गई है।

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