पटना. राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेता एवं बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने राज्य सरकार की बजट तथा हालिया घोषणाओं पर गंभीर सवाल उठाते हुए रविवार को आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार जनता को ”गुमराह” कर रहे हैं.
तेजस्वी यादव ने राजद कार्यालय में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में दावा किया, ”पिछले कुछ समय में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कुल मिलाकर 7.08 लाख करोड़ रुपये से अधिक की घोषणाएं कर चुके हैं, जबकि राज्य की वित्तीय स्थिति इतनी बड़ी योजनाओं को संभालने में सक्षम नहीं है.”
उन्होंने दावा किया, ”बिहार का कुल बजट लगभग 3.16 लाख करोड़ रुपये है, जिसमें से करीब दो लाख करोड़ रुपये वेतन, पेंशन और ब्याज जैसे प्रतिबद्ध मद में ही खर्च हो जाते हैं. इससे सरकार के पास योजनाओं और विकास कार्यों के लिए केवल लगभग 1.16 लाख करोड़ रुपये बचते हैं. ऐसे में ये घोषणाएं केवल जनता को भ्रमित करने और चुनावी माहौल बनाने का तरीका हैं.” नेता प्रतिपक्ष ने सवाल उठाया, ”आखिर राज्य का राजस्व कैसे बढ़ेगा, राशि कहां से आएगी और घोषणाएं धरातल पर कब पूरी होंगी.” तेजस्वी ने महिलाओं को 10 हजार रुपये की राशि देने की राज्य सरकार की योजना पर भी सवाल उठाया. उन्होंने तंज कसा कि नीतीश कुमार ”एक रुपया देकर बिहार का वर्तमान और भविष्य खरीदना चाहते हैं, लेकिन इस बार जनता उन्हें हटाएगी भी और हराएगी भी.”
भ्रष्टाचार के मुद्दे पर भी सरकार को घेरते हुए यादव ने आरोप लगाया, ”राज्य में इंजीनियरों के यहां से करोड़ों रुपये बरामद होते हैं, लेकिन सरकार कोई कार्रवाई नहीं करती क्योंकि यह राशि ऊपर तक पहुंचती है.” उन्होंने कहा, ”उन्हें (मुख्यमंत्री को) जनता और विपक्ष के सवालों का जवाब देना चाहिए.” नीतीश कुमार पर सीधे तौर पर निशाना साधते हुए तेजस्वी यादव ने कहा, ”पहले हम उन्हें ‘भीष्म पितामह’ मानते थे, लेकिन अब वह भ्रष्टाचार के ‘धृतराष्ट्र’ बन चुके हैं.”
