राष्ट्रवाणी: श्रेया घोषाल आज हिंदी सिनेमा की सर्वश्रेष्ठ सिंगर्स में से एक हैं। कई हिट गाने देने वाली सिंगर ने 13 …और पढ़ें छोटी उम्र से टैक्स भर रही हैं श्रेया घोषाल/ फोटो- इंस्टाग्राम लता मंगेशकर के ओरिजिनल सॉन्ग का गाया कवर 13 साल की उम्र से टैक्स भर रही हैं सिंगर श्रेया घोषाल पिता के कंधों पर डालती हैं पैसो से जुड़ी जिम्मेदारी जागरण न्यूज नेटवर्क, मुंबई।
पैसे कमाने के साथ इंसान के लिए यह समझ भी आवश्यक है कि उसे कैसे संभाला जाए और कहां उसका सही निवेश किया जाए। देवदास, पद्मावत और बाजीराव मस्तानी समेत कई हिट फिल्मों के गाने गा चुकी गायिका श्रेया घोषाल की मानें तो वह पैसे कमाने के साथ उसे संभालना भी अच्छी तरह से जानती हैं। श्रेया घोषाल(Shreya Ghoshal) कहती हैं, “मेरी पहली कमाई 75,000 रुपये थी, जो मुझे एक शो जीतने पर मिली थी।
इस तरह से मैं कह सकती हूं कि मैंने तभी से टैक्स देना शुरू कर दिया था, जब मैं 13 साल की थी। उस समय मुझे वो पैसे टीडीएस काटकर मिले थे। ईमानदारी से कहूं तो मुझे पता है कि अपने पैसों को कैसे संभालना है, लेकिन मुझे यह करना पसंद नहीं है।” श्रेया घोषाल ने आगे कहा, “पैसों को लेकर सारे बड़े निर्णय मैं अपने पिता पर छोड़ देती हूं।
वह पैसों का गणित मुझसे ज्यादा बेहतर समझते हैं। मेरे आसपास भी बहुत से अच्छे लोग हैं, जो पैसों को लेकर बेहतर सलाह देते हैं।” अपने गले और आवाज की सुरक्षा तथा उसे बेहतर बनाए रखने का हर कलाकार का एक तरीका होता है। अपने तरीके के बारे में श्रेया बताती हैं, “इसके लिए बात कम करना पड़ता है।
अपनी आवाज बचाए रखने का यही एकमात्र तरीका है, लेकिन मैं उसके ठीक विपरीत स्वभाव की हूं। खूब बात करती हूं, जो लोग बहुत संवेदनशील होते हैं, उन्हें अपना खयाल रखना पड़ता है। मैं भी उनमें से ही हूं।
हालांकि, कलाकारों के लिए दिल खुश रहना बहुत जरूरी है। दिल खुश रहेगा तो दिमाग में ताजगी रहेगी, उससे गाने अच्छे बनेंगे। श्रेया घोषाल ने अपने करियर की शुरुआत मराठी गाने ‘गणराज रंगी नाचतो’ के कवर संस्करण से की थी, जिसे ओरिजिनली लता मंगेशकर(Lata Mangeshkar) ने गाया था।
उनका पहला स्टूडियो एल्बम बेंधेची बीना था। श्रेया घोषाल भंसाली की नजरों में तब आईं, जब उन्होंने सा रे गा मा के 75वें चिल्ड्रन स्पेशल एपिसोड में भाग लिया। संजय लीला भंसाली की मां ने उनके टैलेंट को पहचाना और निर्देशक ने उन्हें अपनी फिल्म में मौका दिया।
