राष्ट्रवाणी: नवरात्र में नौ दिन का उपवास रखते हुए भी आप खुद को स्वस्थ और ऊर्जावान रख सकते हैं। नवरात्र में अपनी दिनचर्या मैनेज करने और सेहत का ध्यान रखने के तरीके (Image Source: एआई Generated) जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। नवरात्र में पूरे नौ दिन उपवास रखना भक्ति का प्रतीक हो सकता है, पर अगर इन दिनों में खुद का ख्याल ठीक से न रखा जाए, तो यह शरीर को कमजोर भी बना देता है।
फिर पूरे 9 दिन उसी ऊर्जा के साथ अपने रोजमर्रा के काम करना भी एक मुश्किल काम हो जाता है। ऐसे में यहां कुछ जरूरी बातें बताई जा रही हैं, जिन्हें नवरात्र के दिनों में फॉलो कर अपनी दिनचर्या को मैनेज करने के साथ ही सेहत का ख्याल भी रखा जा सकता है। उपवास में सामान्य दिनचर्या से ज्यादा समय लगता है क्योंकि इसमें पूजा और ध्यान भी जुड़ जाता है।
ऐसे में जल्दबाजी न करते हुए अपने समय को पहले एडजस्ट कर लें औ सुबह एक घंटा पहले उठें। व्रत रखने का मतलब यह बिल्कुल भी नहीं है कि इसके लिए अपनी सेहत को अनदेखा किया जाए। अगर आपको कमजोरी महसूस हो रही है या शरीर उतना सपोर्ट नहीं करता, तो डाइट में फल, सूखे मेवे और आलू को व्रत के बीच के अंतराल में भी शामिल करें।
इसके अलावा, हाइड्रेट रहने के लिए नारियल पानी, नींबू पानी और छाछ पीते रहें। व्रत के दौरान हड़बड़ी में काम करने की जगह अपने समय को सही से मैनेज करें। फिर चाहे वो पूजा की थाली पहले से तैयार करना हो या खाना बनाने की एडवांस में तैयारी।
अगर आप वर्किंग हैं तो यह तरीका आपको दिन की शुरुआत में ही एग्जॉस्ट होने से बचाएगा। व्रत में खाली पेट रहने से छोटे-मोटे काम करने में ही खूब थकान लगने लगती है, ऐसे में जरूरी है कि अपनी ऊर्जा की सही बचत की जाए। रोजाना 7-8 घंटे की नींद लें, भारी-भरकम काम को अगले हफ्ते के लिए टाल दें और समय मिलने पर आराम जरूर करें।
सारा दिन कुछ न खाने के बाद अचानक ज्यादा तला-भुना और भारी खाने से पेट से जुड़ी शिकायतें जैसे- एसिडिटी, पेट दर्द, गैस, अपच और मतली जैसी शिकायतें बढ़ सकती हैं। इसके बजाय शाम के समय साबूदाना की खीर, समा की खिचड़ी, सिंघाड़े की रोटी संग आलू सब्जी जैसा हल्का-फुल्का खाना ही खाएं।

